|
News
Metros
Chandigarh Chandigarh चंडीगढ़. सिखों की धार्मिक भावनाएं आहत करने के एक मामले में सिरसा के डेरामुखी गुरमीत राम रहीम सिंह से यहां सेक्टर-9 स्थित पंजाब पुलिस मुख्यालय में बुधवार को पौने पांच घंटे पूछताछ हुई। डेरामुखी से सिख गुरुओं जैसी पोशाकपहनने के संबंध में दर्ज मामले में कई सवाल किए गए। डेरामुखी ने खुद पर लगे आरोपों को निराधार और राजनीति से प्रेरित बताया।
विवादास्पद पोशाक पहनने के सवाल पर डेरा मुखी ने राजा-महाराजों की पोशाकों का जिक्र करते हुए कहा, ऐसा पहले भी होता रहा है और मैंने किसी की धार्मिक भावनाओं को ठेस नहीं पहुंचाई और न किसी सिख गुरु नकल की है। पूछताछ करने वाली टीम का नेतृत्व बठिंडा के एसपी (डी) अजय मलूचा तथा डीएसपी सुरिंदरपाल सिंह ने किया।
बठिंडा कोतवाली के एसएचओ ने सारा रिकॅार्ड पेश किया। डेरा मुखी बुधवार को दोपहर 12 बजे पुलिस मुख्यालय में दाखिल हुए और 4:45 बजे तक पूछताछ चलती रही। इस दौरान हरियाणा, चंडीगढ़ व पंजाब पुलिस के आला अधिकारी बाहर तैनात रहे है। डेरामुखी के करीबी लोगों को साथ वाले कमरे में बिठाया गया था। डेरामुखी से बठिंडा में सिख संगठनों के कार्यकर्ताओं व डेरा समर्थकों के बीच हुए तनाव के संबंध में सवाल किए गए।
सूत्रों के अनुसार पूछताछ के दौरान जाम-ए-इंसां के दौरान खींची तस्वीरों को दिखाकर डेरामुखी से कई सवाल पूछे गए। 20 जुलाई 2007 को बठिंडा कोतवाली थाने में दर्ज एफआईआर की प्रति भी डेरामुखी को पढ़कर सुनाई गई। हाईकोर्ट में पेश होगी स्टेट्स रिपोर्ट पुलिस सूत्रों का कहना है कि डेरामुखी से पूछताछ लगभग पूरी हो गई है, वह इस मामले की स्टेट्स रिपोर्ट इसी माह 15 दिसंबर को पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट में पेश करेगी।