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भोपाल. शहर के व्यस्ततम क्षेत्र न्यू मार्केट में बुधवार की रात उस समय कुछ देर के लिए हड़कंप मच गया, जब वहां एक लावारिस पॉलीथिन को देखकर बम की अफवाह फैल गई। इसके बाद से करीब 15 मिनट तक बाजार में लोगों की चीख-पुकार और पुलिस की सीटियां गूंजती रहीं।
बाद में सभी ने उस समय राहत की सांस ली, जब पता चला कि यह पुलिस की मॉक ड्रिल का हिस्सा था, जिसके जरिये पुलिस खुद को इस बात के लिए तैयार कर रही थी कि ऐसे हालात में उसकी भूमिका क्या रहेगी। आज यही कार्रवाई भेल क्षेत्र के जंबूरी मैदान में भी की गई। जहां आतंकवादियों द्वारा विस्फोट तथा उस पर काबू पाने की कार्रवाई का पूर्वाभ्यास किया गया।
न्यू मार्केट में बुधवार की रात रोज की तरह चहल-पहल थी। अचानक अफवाह फैली कि टॉप-एन-टाउन के पास थैले में बम मिला है। सूचना मिलते ही चारों ओर दहशत फैल गई। पुलिस के जवान भी बाजार की गली-गली में सबको सचेत रहने की हिदायत देने के लिए सीटी बजाने लगे। देखते ही देखते थैले के चारों ओर बैरिकेड्स लगा दिए गए। पुलिस का श्वान दल भी वहां पहुंच गया। बाद में पता चला कि पन्नी के भीतर आटा रखा था और यह सब पुलिस की मॉक ड्रिल का हिस्सा था, जिसमें शहर के सभी थानों को शामिल किया गया।
यह है रणनीति
आतंकी घटना से निपटने के लिए पुलिस द्वारा चार बिंदुओं पर जिम्मेदारी तय की गई है, जिसमें विस्फोट होना, विस्फोटक बरामद होना, आतंकवादी के घुसने और दूसरे स्थान पर आतंकी हमला होने पर क्या करना है, यह शामिल किया गया था, जिसमें सभी पुलिसकर्मियों की अलग-अलग जिम्मेदारी तय की गई है। अभ्यास के दौरान टीटी नगर पुलिस ने न्यू मार्केट में मंदिर के पास एक लावारिस पॉलीथिन रखी थी। पॉलीथिन देख किसी व्यक्ति ने पुलिस कंट्रोल रूम को सूचना दी।
इसके पहले ही वहां टीटी नगर थाने का स्टाफ पहुंचा और घेराबंदी की। इसी प्रकार गोविंदपुरा पुलिस ने एक सिपाही को आतंकी बनाया और जंबूरी मैदान में एक स्थान पर छिपा दिया। गोविंदपुरा और पिपलानी पुलिस ने अपनी तय जिम्मेदारी के हिसाब से काम किया और आतंकवादी को दबोच लिया। आतंकी हमले के बाद राजधानी पुलिस का यह पहला अभ्यास है।
क्या करना था पुलिसकर्मियों को
हमले के चलते कुछ पुलिसकर्मी नाकेबंदी करेंगे, रास्ता परिवर्तित करेंगे, कुछ पुलिसकर्मी ट्रामा अस्पताल पहुंचकर वहां से घटनास्थल पर एंबुलेंस रवाना करेंगे। शहरी सीमाओं के थाने तुरंत रास्ते सील कर प्रत्येक वाहन की तलाशी लेंगे। कोई भी वाहन चैकिंग के बिना नहीं निकल सकता है। साथ ही बस स्टैंड और रेलवे स्टेशन पर मुसाफिरों की चैकिंग करेंगे। हमलावरों से निपटने के लिए अलग टीम रहेगी।