नई दिल्ली. सुप्रीम कोर्ट ने सोमवार को छत्तीसगढ़ सरकार को मानवाधिकार कार्यकर्ता डॉ.बिनायक सेन मामले में नोटिस जारी कर दो सप्ताह में जवाब देने को कहा है। छत्तीसगढ़ की भाजपा सरकार ने डॉ. बिनायक सेन को नक्सलियों का समर्थक बताते हुए गिरफ्तार किया हुआ है। वे पिछले 22 महीने से जेल में हैं।
सुप्रीम कोर्ट ने नोटिस के साथ ही छत्तीसगढ़ सरकार को आदेश दिया है कि वह डॉ. सेन को चिकित्सा सुविधा भी उपलब्ध कराए। सुप्रीम कोर्ट के इस निर्देश को डॉ. बिनायक सेन के लिए राहत मानी जा रही है।
डॉ. सेन को सरकार ने 14 मई 2007 में गिरफ्तार किया था। जबकि सरकार को उनके खिलाफ कोई भी सबूत नहीं मिल पाया है। डॉ. सेन इलाके के प्रतिष्ठित डॉक्टरों में से एक हैं।