मुंबई। अगर आपके ई-मेल अकाउंट में स्वाइन फ्लू के बारे में सलाह देने वाला या इस विषय पर कोई ई-मेल आया है, तो सावधान! इसमें कोई वायरस हो सकता है। सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय की कंप्यूटर इमरजेंसी रिस्पांस टीम (सीईआरटी) ने ऐसे कई ई-मेल की पहचान की है, जिन्हें हैकिंग के लिए इस्तेमाल किया जा रहा है।
इन ई-मेल के खिलाफ जारी अलर्ट में सीईआरटी ने कहा है कि इन्हें खोलने पर कंप्यूटर में वायरस का धावा हो सकता है और हैकर्स आपके पासवर्ड और अन्य जानकारियों को चुरा सकते हैं।
किस तरह का खतरा : लोगों में स्वाइन फ्लू के खौफ और इनके बारे में जानने की उत्सुकता का फायदा कंप्यूटर हैकर्स उठा रहे हैं। यही कारण है कि उनके द्वारा भेजे जाने वाले ई-मेल की विषयवस्तु इस जानलेवा बीमारी से ही संबंधित होती है। मिसाल के लिए स्वाइन फ्लू को लेकर अक्सर पूछे जाने वाले कुछ सवाल.. आदि।
सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि इन संदेशों के साथ अटैचमेंट भी होते हैं, जिन्हें खोलने पर कंप्यूटर में वायरस का संक्रमण हो सकता है। उन्होंने बताया कि हाल में एक व्यक्ति के पास अटैचमेंट में एक पीडीएफ फाइल भेजी गई। इस फाइल को खोलने पर कंप्यूटर में ट्रोजन नाम का एक वायरस प्रवेश कर जाता है, जो कंप्यूटर में दर्ज सभी जानकारियां चुरा सकता है।