मेरा संडे तो शनिवार की रात से शुरु होता है
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मेरा संडे तो शनिवार की रात से शुरु होता है

विद्या बालन कहती हैं कि उन्‍हें रविवार काफी पसंद है और इसकी शुरुआत वो शनिवार की रात से कर लेती हैं। तो आइए जानते हैं कि किस तरह से वो अपने रविवार की तैयारी शुरु करती हैं:

vidya balan

शनिवार की रात: वैसे तो मेरा रविवार दोस्‍तों और परिवार वालों के साथ बीतता है। पर कई बार मैं दोस्‍तों के साथ लांग ड्राइव पर निकल जाती हूं। इसके लिए हम लोग शनिवार की रात को लोनावला पर इकट्ठा होते हैं और फिर खंडाला की ड्राइव पर निकल जाते हैं और रविवार की सुबह लौट आते हैं।

संडे कैसे एंजॉय करती हैं: संडे को पूरी तरह से एंजॉय करती हूं। इस दिन कोई और बिलकुल भी नहीं करती हूं। टोटल रिलेक्‍स रहती हूं।

सुबह की शुरुआत: अगर शनिवार को लांग ड्राइव पर नहीं गई तो संडे की सुबह दोपहर को होती है। हालांकि वीकडे में सुबह जल्‍दी उठती हूं। चाय पापा-मम्‍मी के साथ ही पीती हूं। हालांकि मेरे उठने तक चाय को बने हुए काफी घंटे हो चुके होते हैं।

बचपन में संडे कैसा होता था: स्‍कूल से छुट्टी होने की वजह से बचपन का संडे काफी इंपोर्टेंट हुआ करता था। पापा-मम्‍मी संडे के दिन मुझे घुमाने के लिए बाहर ले जाया करते थे।

संडे को वार्डरोब: संडे ही वह दिन होता है जिस दिन मैं अपना वार्डरोब अच्‍छी तरह से व्‍यवस्थित करती हूं। हालांकि यह काफी टाइम कंज्‍यूमिंग काम होता है।

संडे यानी साउथ इंडियन लंच: मैं संडे को ज्‍यादातर दोस्‍तों या फिर पापा-मम्‍मी के साथ बाहर ही लंच करती हूं। हालांकि बाहर भी मैं वही खाना पसंद करती हूं जो घर में खाती हूं। लंच में मैं मिक्‍स सब्‍जी, रोटी, ग्रेवी वाली सब्‍जी और छाछ लेती हूं। रसम मुझे पसंद नहीं है।

फेवरेट टाइम पास: इसके लिए गेम खेलती हूं।

फोटोग्राफी सीख रही हूं: पहले मैंने घुड़सवारी सीखने की कोशिश की थी, पर नहीं सीख पाई और अब टाइम निकालकर फोटोग्राफी सीखने की कोशिश कर रही हूं।

शाम की चाय: पापा-मम्‍मी के साथ कई घंटों तक और कई कप पीती हूं।

फेवरेट म्‍यूजिक: मुझे क्‍लासिकल म्‍यूजिक काफी पसंद है और पेरेंट्स के साथ पंडित विश्‍वमोहन भट्ट और जाकिर हुसैन के कंसर्ट्स में जाना कभी नहीं भूलती हूं। लेकिन घर में मैं आरडी बर्मन और गुलजार के गाने सुनती हूं। मुझे म्‍यूजिक से ज्‍यादा उसके बोल पसंद हैं।

सोने से पहले: मैं रोजाना रात में सोने से पहले कोई न कोई फिल्‍म जरुरी देखती हूं। मुझे फ्रेंच, इटालियन और इरानी फिल्‍में काफी पसंद हैं। इनके अलावा बंगाली, मराठी और मलयालम फिल्‍में भी देखना पसंद है।

पैशन: पढ़ना मेरा पैशन है। रात में फिल्‍म देखने के बाद बिना पढ़े मुझे नींद ही नहीं आती। मैं डेनिएल स्‍टील, पौलो कोएलो से लेकर झुंपा लाहिरी तक सब पढ़ा है। फिलहाल मैं अशोक बैंकर की रामायण पढ़ रही हूं।

सीक्रेट पैशन: मैं अपने कुछ दोस्‍तों से फोन पर घंटों बात करती हूं।






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