जालंधर.
रविवार रात कफ्र्यू की घोषणा के बाद लोग और पुलिस सोच कर बैठी थी कि अब माहौल शांत हो जाएगा। सुबह ही बाबा रामानंद के निधन खबर फैलते ही गुस्साए लोगों ने पहले मकसूदां चौक में धरना दिया और उसके बाद थाना मकसूदां में घुस आए। थाने के बाहर खड़ी गाड़ी और बाइक को आग लगा दी।
इतने में आईजी जोनल संजीव कालड़ा लाव-लश्कर के साथ मौके पर पहुंचे। उन्होंने माइक पर प्रदर्शनकारियों को चेतावनी दी। उन्होंने कहा कि ‘आप लोगों के पास दो मिनट हैं, यहां से चले जाइए’। लोग नहीं गए और पुलिस ने लाठीचार्ज कर दिया, जिसके बाद सभी भागे। लोगों ने जवाब में पुलिस पर पथराव भी किया, जिसमेंएक मुलाजिम घायल भी हुआ है। कुछ देर बाद माहौल शांत हुआ।
लांबड़ा में एक की मौत
लांबड़ा में प्रदर्शनकारी धरने पर बैठे थे, ऐसे में एक पुलिस की गाड़ी वहां से गुजरने करने लगी थी। पुलिस मुलाजिमों ने उन्हें हटने को कहा तो लोग भड़क उठे। डर के मारे 7-8 मुलाजिम गांव लांबड़ा में घुस गए और फिर लोग उन्हें पीटने के लिए दौड़े। इसी दौरान उन्होंने कंट्रोल पर मैसेज किया और दना-दन आईजी कालड़ा, नायब तहसीलदार मौके पर पहुंच गए।
अभी पुलिस लोगों को समझाने लगी थी कि पथराव शुरू हो गया। इस दौरान एक ईंट तहसीलदार मनिंदर सिद्धू के लगी। उसके बाद पुलिस ने प्रदर्शनकारियों पर लाठीचार्ज कर दिया। लोगों ने भी ईंट व बोतलें बरसाईं। जवाब में पुलिस ने फायरिंग कर दी, जिसमें एक अज्ञात व्यक्ति की मौत हो गई, जबकि संजीव कुमार, विजय कुमार व एक अन्य के गोली लगी।
मामला और भड़क गया, लोगों ने आईजी कालड़ा की गाड़ी पर पथराव किया। एसपी सिटी टू सर्बजीत सिंह की गाड़ी को आग लगा दी। आईजी कालड़ा का गनमैन भी घायल हुआ है।
पीएपी फ्लाईओवर पर पथराव, फायरिंग
चौगिट्टी चौक पर बड़ी संख्या में समर्थक प्रदर्शन कर रहे थे। तभी पुलिस पार्टी वहां पहुंची और उन्हें उंची आवाज में समझाने लगी। लोग भड़क गए और उन्होंने पुलिस पार्टी पर जमकर पथराव किया। पुलिस मुलाजिम पीएपी फ्लाईओवर की तरफ भाग निकले, लेकिन लोगों ने पीछे-पीछे जमकर ईंट बरसाई। लोग पीएपी के क्वार्टर में घुस गए, जिसके बाद पुलिस ने फायरिंग की और इस दौरान युवक विक्की और महिला जसपाल कौर घायल हो गई।
बसों पर पथराव, पंप की दो मशीनें तहस-नहस
खालसा कालेज से सटे सतनाम फिलिंग स्टेशन पर देर रात शरारती तत्वों ने तोड़फोड़ की। पंप मालिक रणवीर सिंह के अनुसार देर रात पंप पर खड़ी 7 बसों पर जमकर पथराव किया गया। पंप की दो मशीन को तहस-नहस कर दिया। इसके अलावा, सिटी बस के लिए शहर में जगह-जगह बनाए गए बस शैल्टर में देर रात आग लगा दी गई, कुछ सिटी बसों को नुकसान पहुंचाया गया।
तनाव 100 से ज्यादा युवकों ने मोटरसाइकिलों पर शहर में तोड़फोड़ की। 18 घंटे बाद पुलिस ने शहर को जोन में बांटा, तब शहर में शांति हुई।
आम लोगों पर बरसाए पुलिस ने डंडे
घरों के बाहर खड़े होकर जायजा लेने वाले आम लोगों पर पुलिस ने जमकर डंडे बरसाएं। नकोदर रोड स्थित लाल रत्न के पास एक एएसआई ने वाहन चालकों को बेवजह बेरहमी से पीटा। घरों के बाहर खड़े लोगों को थप्पड़ भी मारे गए।
पुलिस मुलाजिम प्रदर्शनकारियों को रोकने की बजाए आम जनता पर सारा दिन जुल्म करते रहे।