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Chhattisgarh
Bilaspur Bilaspur बीजापुर । इस मामले में 15-20 लोगों के खिलाफ थाने में कई धाराओं के तहत अपराध कायम किया गया है। मामले में प्रार्थी सहायक अभियंता पीएन सिंह को बनाया गया है। उन्होंने बताया रात 10.30 बजे उन्हें फोन करने के बाद 15-20 लोग उनके सरकारी घर में आ धमके।
यहां दरवाजा तोड़कर पहले गाली-गलौच की और फिर धुनाई भी की। थाना प्रभारी ने बताया रिपोर्ट में सात लोगों के नामों का उल्लेख किया गया है इनमें से तीन को गिरफ्तार कर स्थानीय जेएमएफसी के अदालत में पेश भी किया गया।
आरोपियों पर सरकारी सेवक पर डच्यूटी में रहने के दौरान बलवा कर हमला करने और शांति भंग करने का आरोप है।
सिंह ने अपने को असुरक्षित पाते बीजापुर छोड़ दिया है और मुख्यालय जगदलपुर में डेरा डाल दिया है। उनका कहना है कि असुरक्षा के चलते वे सेवा नहीं दे सकते, क्योंकि कलेक्टर बंगले के बाजू में रहने के बावजूद जब उनके साथ ऐसी अनहोनी हो सकती है तो फिर उन्हें सुरक्षा कहां मिलेगी।
मामले के बारे में कलेक्टर जेवियर तिग्गा का मानना है कि ब्लैक आउट के हालात नहीं हैं, प्राकृतिक आपदा के चलते ऐसा हो रहा है। बिजली विभाग लगातार जूझ रहा है।
अंधेरा कायम रहने तक पेट्रोलिंग के लिए सुरक्षा और अन्य इंतजाम किए जा चुके हैं। मामले की जानकारी लेने विधायक और संसदीय सचिव महेश गागड़ा भी यहां पहुंच चुके हैं। उन्होंने कलेक्टर से संपर्क कर जल्द से जल्द सेवा बहाल करने को कहा है।