भोपालगढ़. सूखी नदी से बजरी निकालते वक्त मंगलवार शाम रेत ढहने से तीन युवकों की मौत हो गई। वे बंदड़ा गांव के एक ही परिवार में चचेरे भाई थे। बंदड़ा गांव के छह युवक मंगलवार शाम करीब छह बजे ट्रैक्टर ट्रॉली लेकर समीप के बुचेटी-सेवकी गांव के बीच सूखी नदी से बजरी लाने गए थे। आधी ट्रॉली भर ली थी कि अचानक ऊपर की रेत ढह गई।
जिससे महिपाल (20) पुत्र हमीरराम डूडी, मांगीलाल (18) पुत्र बाबूलाल डूडी व अशोक पुत्र नाथूराम डूडी दब गए। साथ गए अन्य युवकों ने आसपास के लोगों को बुलाया। सूचना मिलने पर तहसीलदार नारायणलाल, खेड़ापा थानाधिकारी राजेंद्र चौधरी मौके पर पहुंच गए। पुलिस ने ग्रामीणों की मदद से घंटे भर की मशक्कत के बाद तीनों युवकों को बाहर निकाला।
तीनों को जोधपुर स्थित महात्मा गांधी अस्पताल लाया गया। वहां डाक्टरों ने उन्हें ेंमृत घोषित कर दिया। बुधवार प्रात: गमगीन माहौल के बीच तीनों का अंतिम संस्कार किया गया। एक ही परिवार के तीन भाइयों की अर्थियां उठीं तो पूरा गांव चीत्कारों से गूंज उठा, हर किसी का चेहरा उदास था।
बीस-बीस हजार की सहायता
कलेक्टर नवीन महाजन ने बताया कि मृतकों के परिजनों को मुख्यमंत्री सहायता कोष से बीस-बीस हजार रुपए सहायता स्वीकृत की गई है।