लंदन. ब्रिटेन के स्कूलों में प्रवेश लेने आ रहे विदेशी नन्हे-मुन्नों से पूछा जा रहा है कि क्या वे आतंकी हैं? इस सवाल के पूछे जाने पर जहां अभिभावकों में रोष है, वहीं शिक्षा विभाग का कहना है कि गत माह वीजा के नए नियम लागू होने के बाद विदेशी छात्रों से यह सवाल पूछना अनिवार्य हो गया है।
‘टेलीग्राफ’ में गुरुवार को छपी एक रिपोर्ट के मुताबिक ब्रिटेन के स्कूलों में दाखिले की चाह रखने वाले बच्चों से 57 पन्नों का एक दस्तावेज भरने को कहा जा रहा है जिसमें ऐसे कई गंभीर प्रश्न पूछे गए हैं, जिनका पांच वर्ष तक की उम्र के ये मासूम अर्थ भी नहीं जानते।
क्या पूछा जा रहा मासूमों से :
- क्या आप किसी युद्ध-अपराध या जनसंहार में शामिल रहे हैं?
- क्या कभी किसी माध्यम या उद्देश्य से देश में किसी आतंकी गतिविधि में शामिल रहे हैं?
- क्या आपने कभी किसी आतंकी गतिविधि का समर्थन किया या उसे बढ़ावा दिया है?
- क्या आपने कभी किसी माध्यम या उद्देश्य से किसी आतंकवादी वारदात को सही ठहराया है?
- क्या आपने किसी आतंकी हिंसा का महिमा-मंडन किया है?
- क्या आपने कभी कोई ऐसा काम किया है जिससे किसी को आतंकी वारदात को अंजाम देने की प्रेरणा मिले?
शिक्षाविदों ने दी चेतावनी
शिक्षाविदों ने चेतावनी दी है कि नए नियम से ब्रिटेन में पढ़ रहे करीब 20 हजार विदेशी विद्यार्थियों के देश से बाहर निकाले जाने का खतरा पैदा हो गया है। उनके अनुसार ताजा विवाद से एक अच्छे वैश्विक शिक्षा केंद्र के रूप में ब्रिटेन की छवि को नुकसान पहुंच सकता है।