गांधीनगर। टाटा मोटर्स के महत्वाकांक्षी नैनो प्रोजेक्ट के लिए अधिग्रहीत 1100 एकड़ की भूमि के 400 करोड़ रुपए गुजरात सरकार को अब तक नहीं मिले हैं, जबकि दस माह पहले यह भूमि आवंटित कर दी गई थी। यह जानकारी गुजरात की राजस्व मंत्री आनंदीबहन पटेल ने विधानसभा में एक प्रश्न के जवाब में दी।
900 रुपए वर्गमीटर की दर से दी गई थी जमीन : गुजरात विधानसभा में विपक्ष के पूर्व नेता अजरुन मोढवाडिया के प्रश्न के जवाब में राजस्व मंत्री ने बताया कि साणंद तहसील की 1100 एकड़ जमीन टाटा मोटर्स को 900 रुपए प्रति वर्गमीटर की दर से दी गई थी।
इस दर से जमीन की कीमत करीब 400 करोड़ रुपए थी। दिसंबर 2008 में टाटा मोटर्स को जमीन का कब्जा भी दे दिया गया, लेकिन कंपनी की ओर से अब तक गुजरात सरकार को कोई राशि नहीं दी गई है। गौरतलब है कि वर्ष 2008 में पश्चिम बंगाल के सिंगूर में नैनो प्रोजक्ट के विरोध के बाद इसे गुजरात में शिफ्ट करने का फैसला लिया गया था।