चुलबुले चुटकुले
बाल भास्कर Thursday, July 09, 2009 11:58 [IST]  

पिता - बेटा तुम्हारा एडमिशन उस स्कूल में नहीं हो सकता।



बेटा - क्यों पापा?



पिता -वहां कोई सीट खाली नहीं है।



बेटा - पापा, आप मेरा एडमिशन तो करवा दीजिए, सीट तो मैं किसी तरह खाली करवा लूंगा।



एक बार पागलखाने में तीन पागल बैठकर बातें कर रहे थे।



पहला - मैं यहां का राजा हूं।



दूसरा - तुझे किसने कहा?



पहला - मुझे भगवान ने कहा है।



तीसरा - नहीं, नहीं.. यह मुझ पर इल्Êाम लगा रहा है। मैंने तो इससे कुछ भी नहीं कहा।



- मयंक ढिंगरा, ग्वालियर, मप्र




मुजरिम बार-बार साफ झूठ बोल रहा था।



जज से रहा नहीं गया, तो वे बोले - तुम्हें याद है न कि गंगा जल उठाकर सच बोलने की कसम खाई थी।



मुजरिम - जी हां।



जज - तो यह जानते हो कि सच नहीं बोलोगे, तो तुम्हें क्या मिलेगा?



मुजरिम - जी, रिहाई।





एक शिक्षक महोदय बहुत अधिक भुलक्कड़ थे। अपनी घड़ी सदा बाईं जेब में रखते थे। एक बार भूल से दाईं जेब में रख ली और जब समय देखने के लिए बाईं जेब में हाथ डाला, तो घड़ी गायब थी। उन्होंने एक विद्यार्थी से कहा - जाओ घर से मेरी घड़ी ले आओ।



फिर दाईं जेब में हाथ डालकर घड़ी निकाली और कहने लगे - अभी 10 बजकर 20 मिनट हुआ है। 10 बजकर 40 मिनट तक आ ही जाना।



- पुर्ण सिंह चौहान, बीकानेर, राजस्थान




मास्टर पिता ने गणित के पर्चे के लिए घर से जाते पुत्र को चेतावनी दी - जितने सवाल गलत होंगे, उतने डंडे मारूंगा।



लौटने पर पिता ने पुत्र से पूछा - कितने सवाल गलत हुए?



पुत्र - एक भी नहीं। आपकी डंडे वाली बात Êोहन में थी।



पिता - मतलब सेंट परसेंट सही करके आए हो?



पुत्र- नहीं, सौ फीसदी पेपर छोड़कर आया हूं।




टीचर आपका क्या नाम है?



विद्यार्थी - रवि।




टीचर- आपको श्रीमान लगाकर बात करना चाहिए।
विद्यार्थी - श्रीमान रवि।




टीचर जिन बच्चों ने सवाल कर लिया, वो तीन बार फिर चेक कर लें।



वत्सल - मैंने तो आठ बार चेक कर लिया है।



टीचर - शाबाश!



वत्सल - लेकिन टीचर, उत्तर हर बार अलग क्यों आ रहा है?

 
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Comments
sonia arora
Friday, 24th Jul 2009, 12:14
its totaly very nice even i have lots of jocks n sms msg etc then can i send
sanjay meena
Friday, 31st Jul 2009, 7:24
बहुत अच्छॆ छुटकुलॆ बनायॆ गयॆ है
Akshay Garg
Wednesday, 5th Aug 2009, 12:23
Its vere intereesting paper & language is also simple. there is corner of kids its contain all knowledge work & all exting things I love tis paper.
rahul maheshwari
Wednesday, 2nd Sep 2009, 17:11
I want more jokes to read



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