भोपाल. गांधीनगर इलाके में सामूहिक ज्यादती के मामले में पीड़ित महिला के कथित पति और प्रमुख आरोपी प्रमोद सिंह से कड़ी पूछताछ के बावजूद पुलिस के हाथ कुछ नहीं लगा है। पुलिस उससे एक हफ्ते से कड़ाई से पूछताछ कर रही है। दो दिन पहले एएसपी संतोष सिंह गौर के नेतृत्व में एक टीम प्रमोद को लेकर मुंबई और गुजरात के लिए रवाना हुई है। पुलिस टीम ने प्रमोद सिंह को एक जुलाई को नासिक से पकड़ा था। दो दिन बाद टीम उसे लेकर राजधानी आ गई थी। उसे गोपनीय तरीके से शहर की बाहरी सीमा के एक थाने में रखा गया।
वरिष्ठ अधिकारी प्रमोद से भोपाल में गोपनीय तरीके से पूछताछ कर रहे थे। एक हफ्ते तक सख्ती से की गई पूछताछ के बाद भी पुलिस के हाथ कोई ठोस जानकारी नहीं लगी। साथ ही पुलिस ने प्रमोद के जीतू नामक एक साथी को भी पिछले एक हफ्ते से हिरासत में ले रखा है। पुलिस अधिकारी प्रमोद के संबंध में कुछ भी बोलने को तैयार नहीं है। पुलिस ने अपनी लाज बचाने के लिए सत्यनारायण उर्फ सत्तू को आनन-फानन में गिरफ्तार किया था, लेकिन पुलिस अब दोबारा खतरा लेना नहीं चाहती। अधिकारियों का कहना है कि गैंगरेप मामले का पूरी तरह खुलासा हो चुका है, लेकिन इसके आरोपियों गुजरात निवासी उद्योगपति सोमानी बंधुओं को गिरफ्तार करना बाकी है। पुलिस की टीमें पंद्रह दिनों से गुजरात, राजस्थान, कानपुर और मुंबई के चक्कर लगा रही है। बावजूद इसके पुलिस इस मामले का खुलासा करने में कतरा रही है।