Health
जादू की झप्पी भगाए बीमारी
Bhaskar News Sunday, August 23, 2009 07:50 [IST]  

Hug नई दिल्ली. ए हग इन द डे कीप्स डॉक्टर अवे (एक झप्पी डॉक्टर से दूर रख सकती है)। जादू की झप्पी में वाकई रोगों को छूमंतर करने का मंत्र छुपा है।



विशेषज्ञों के साथ साथ अनेक शोध भी बताते हैं कि दिन में कम से कम एक बार किसी को गले लगाइए और बीमारियों से आजाद रहिए। हग थेरेपी की विशेषज्ञ कैथलीन कीटिंग की किताब ‘द हग थेरेपी बुक’ में कहा गया है कि गले मिलने से न सिर्फ दिन की शुरुआत अच्छी होती है बल्कि यह हमारे शारीरिक और मानसिक स्वास्थ्य के लिए भी संजीवनी का काम कर सकता है।



उन्होंने बताया कि गले मिलना स्पर्श चिकित्सा का अतिमहत्वपूर्ण अंग है और कई बार तो यह दवाओं से भी ज्यादा कारगर साबित होता है। शोध के मुताबिक गले लगने और लगाने से 70 साल या उससे ज्यादा उम्र के लोगों में बुढ़ापे के असर को कुछ हद तक कम किया जा सकता है। गले लगने से इस आयुवर्ग के लोगों में नई जीवंतता और समस्याओं से निपटने की नई क्षमता और जिजीविषा पैदा होती है। शायद इन्हीं बातों को ध्यान में रखते हुए पश्चिमी देशों में 23 अगस्त को हग योर स्वीटहार्ट डे मनाया जाता है।



बच्चों के लिए जरूरी : एक अध्ययन के मुताबिक जिन बच्चों को उनके अपनों का प्यार भरा स्पर्श मिलता रहता है उनका जीवन के प्रति नजरिया भी अपेक्षाकृत बेहतर होता है। विशेषज्ञ मानते हैं कि दिन में चार बार गले लगाने से जीवन खुशनुमा होता है। इस स्थिति को बरकरार रखने और जीवन के प्रति सकारात्मक नजरिए को और मजबूत करने के लिए दिन में 12 बार झप्पी लेनी या देनी चाहिए। मनोचिकित्सक डॉक्टर संजय चुघ बताते हैं कि गले लगने लगाने का असर इस क्रिया के तरके पर निर्भर करता है। किसी को थोड़ा कसकर गले लगाने से यह संदेश पहुंचता है कि आप उसकी परवाह करते हैं। झप्पी एक दूसरे से लगाव और जुड़ाव को प्रदर्शित करने का बहुत अच्छा जरिया है।



उन्होंने कहा कि यह नहीं भूलना चाहिए कि आपकी त्वचा भी बेहद संवेदनशील होती है। सिर से लेकर पांव तक शरीर में हर इंच त्वचा पर स्पर्श का अलग अलग असर होता है। सामाजिक कार्यकर्ता संदीप नायक मानते हैं कि परिवारों में गले लगने और लगाने का रिवाज बढ़ाने की जरूरत है। उनका कहना है कि इससे परिवार में बिखराव को रोकने में मदद मिल सकेगी।

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