Jodhpur
48 घंटे का अल्टीमेटम
भास्कर न्यूज Tuesday, September 01, 2009 05:54 [IST]  

जोधपुर. एकीकृत हाईकोर्ट की मांग को लेकर वकीलों के आंदोलन पर न्यायपालिका व सरकार की चुप्पी के चलते सोमवार को वकीलों का आक्रोश फूट पड़ा। राजस्थान उच्च न्यायालय मुख्यपीठ जोधपुर बचाओ संघर्ष समिति ने मुख्य न्यायाधीश को 48 घंटे का अल्टीमेटम देते हुए जोधपुर आकर इस मुद्दे पर फैसला करने की मांग की है।



वकीलों ने आंदोलन को उग्र रूप देकर रास्ते जाम करने व अल्टीमेटम की अवधि बीतने के बाद गुरुवार को हाईकोर्ट परिसर में महापड़ाव डाला जाएगा। फिर भी बात नहीं बनी तो पांच सितंबर को जोधपुर आ रहे उच्चतम न्यायालय व राजस्थान हाईकोर्ट के मुख्य न्यायाधीश और मुख्यमंत्री का रास्ता रोका जाएगा। संघर्ष समिति के संयोजक आनंद पुरोहित व रणजीत जोशी ने बताया कि 18 दिनों से यहां के वकील न्यायिक कार्यो का बहिष्कार कर रहे हैं।



पिछले चार दिन से भूख हड़ताल भी चल रही है। इस मुद्दे को लेकर तीन संभागों में न्यायिक कार्य ठप है। मुख्य न्यायाधीश व सरकार चुप्पी साधे हैं। समाधान निकालने की कोई पहल नहीं कर रहे हैं। इस चुप्पी के चलते सोमवार को वकीलों का गुस्सा फूट पड़ा व आम सभा आहूत की गई। इस सभा में ज्यादातर वकीलों ने संघर्ष समिति से उग्र प्रदर्शन करने का निर्णय लेने की मांग की।



आज करेंगे रास्ता जाम: सभा के बाद संघर्ष समिति की बैठक में निर्णय लिया गया कि मंगलवार को सुबह 11 बजे आंदोलनकारी वकील कचहरी परिसर से सोजती गेट होते हुए जालोरी गेट तक रैली निकालेंगे व वापसी में सोजती गेट पर एक घंटे का जाम किया जाएगा। इसी प्रकार बुधवार को शहर के भीतरी क्षेत्र में रैली निकालकर जालोरी गेट चौराहे को जाम किया जाएगा।



मुख्य न्यायाधीश को 48 घंटे का अल्टीमेटम: संघर्ष समिति ने हाईकोर्ट के मुख्य न्यायाधीश जगदीश भल्ला को फैक्स भेजकर 3 सितंबर को जोधपुर आकर वकीलों से बातचीत कर मामला सुलझाने का अल्टीमेटम दिया है।



महापड़ाव की तैयारी: संघर्ष समिति के सदस्य महेश बोड़ा ने बताया कि 48 घंटे में उदयपुर में सर्किट बैंच की मांग खारिज नहीं किए जाने की स्थिति में 3 सितंबर को कोर्ट परिसर में वकील महापड़ाव डालेंगे। महापड़ाव की रूपरेखा बुधवार को तय की जाएगी।



मुख्य न्यायाधीश व सीएम का 5 को रोकेंगे रास्ता: संघर्ष समिति ने कहा कि महापड़ाव के बावजूद इस मुद्दे पर निर्णय नहीं करने पर वकील 5 सितंबर को सुप्रीम कोर्ट व राजस्थान हाईकोर्ट के मुख्य न्यायाधीश व मुख्यमंत्री का रास्ता रोकेंगे। गौरतलब है कि मुख्य न्यायाधीश व सीएम 5 सितंबर को राष्ट्रीय विधि विश्वविद्यालय के वार्षिक उत्सव में सम्मिलित होने जोधपुर आ रहे हैं।



सूचना तो मिली, लिखित आश्वासन नहीं



सीएम हाउस से फोन पर सूचना मिली है कि हाईकोर्ट के मुख्य न्यायाधीश ने उदयपुर में सर्किट बैंच की मांग को अस्वीकार कर दिया है लेकिन अभी तक हमारे पास लिखित में यह आश्वासन नहीं आया है। इसलिए आंदोलन जारी रहेगा। - आनंद पुरोहित, संयोजक, संघर्ष समिति

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