रोहतक. लंबे समय के बाद प्रदेश के शिक्षकों ने वेतन विसंगतियों को लेकर शहर की सड़कों पर विरोध प्रदर्शन किया। शिक्षक सामूहिक अवकाश पर रहे। शिक्षकों के प्रदर्शन को देखते हुए पुलिस प्रशासन काफी सतर्क रहा। शिक्षकों ने जमकर नारेबाजी की। शिक्षक नेताओं ने कहा कि सरकार ने शिक्षकों की अनदेखी की है और इसे सहन नहीं किया जाएगा। जेबीटी शिक्षकों के वेतन से लेकर प्रिंसिपल तक का वेतन न्यायसंगत नहीं है। सैकड़ों की तादाद में एकत्रित शिक्षकों ने सरकार के खिलाफ नारेबाजी भी की। शिक्षकों के कारण शहर में जाम की स्थिति पैदा हो गई और मुख्य सड़कों पर वाहनों की लाइन लग गई।
प्रशासन को जाम खुलवाने में काफी मशक्कत करनी पड़ी। कर्मचारी नेताओं ओमप्रकाश पहलवान, एमएल सहगल, अजय बल्हारा, बलजीत सिंह, सत्यवान ढुल, सुनील कादियान, सत्यव्रत शास्त्री, राजकुमार दांगी, बलबीर बड़क, महावीर दांगी, दया सिंह सैनी, दलबीर नेहरा, रमेश लौरा व दिलबाग सिंह आदि ने अपने विचार रखे। उधर, हरियाणा अराजकीय महाविद्यालय गैरशिक्षक संघ के सदस्यों ने अपनी मांगों को लेकर प्रदर्शन किया। साथ ही भवन निर्माण कामगारों ने भी सरकार के खिलाफ नारेबाजी की।
आर-पार की लड़ाई लड़ेंगे तकनीकी कर्मी
प्रदेशभर के सरकारी एवं सरकारी सहायता प्राप्त बहुतकनीकी संस्थानों में कार्यरत प्राध्यापकों व गैरशिक्षक कर्मचारियों के हड़ताल पर चले जाने से शैक्षणिक कार्य प्रभावित हो गया है। तकनीकी प्राध्यापक वेल्फेयर एसोसिएशन एवं संयुक्त संघर्ष समिति के प्रवक्ता ने बताया कि अब सब्र का बांध टूट चुका है। वैसे तो सरकार तकनीकी शिक्षा में नंबर वन होने का दावा करती है लेकिन प्रदेश के तकनीकी कर्मियों को दूसरे राज्यों की तुलना में कम वेतन मिल रहा है। सरकार ने अभी तक कोई घोषणा नहीं की है जबकि बदले की भावना से हिसार बहुतकनीकी संस्थान के प्राचार्य डा. एएस राठी को निलंबित कर दिया है। ईमानदार व अच्छी सोच के लोगों के खिलाफ इस तरह की दमनात्मक कार्रवाई को सहन नहीं किया जाएगा। उन्होंने सरकार से मांग की है कि निलंबित प्राचार्य को तुरंत बहाल किया जाए। जब तक सरकार उनकी मांग नहीं मानेगी तब तक उनका संघर्ष जारी रहेगा।
गौड़ स्कूल में हुई आपात बैठक
हरियाणा प्रांत अध्यापक संघ के जिला प्रधान विजय कुमार शर्मा की अध्यक्षता में गौड़ स्कूल में आपात बैठक हुई। इसमें हरियाणा सरकार द्वारा सरकारी अनुदान प्राप्त विद्यालयों में सेवारत शिक्षकों को छठे वेतनमान का लाभ नहीं दिए जाने पर रोष प्रकट किया गया। बैठक में सर्वसम्मति से निर्णय लिया गया कि सभी कर्मचारी पांच सितंबर शिक्षक दिवस को काले बिल्ले लगाए जाएंगे। आठ से दस बजे तक विद्यालय में रोष प्रकट किया जाएगा और 11 बजे छोटूराम धर्मशाला में एकत्रित होंगे। दोपहर 12 बजे डीसी कार्यालय में ज्ञापन सौंपे जाएंगे।
पांचवें दिन जारी रहा अनशन
हरियाणा मास्टर वर्ग एसोसिएशन के तत्वावधान में सरकार द्वारा जारी पत्र वेतन संबंधी पत्र का विरोध किया गया। विरोध स्वरूप जारी क्रमिक अनशन पांचवें दिन में प्रवेश कर गया। गुरूवार को अनशन में फतेहाबाद के मास्टर अशोक कुमार, हरजीत सिंह, हवा सिंह, कंवलजीत सिंह ने शिरकत की। प्रदेशाध्यक्ष रमेश मलिक ने कहा कि क्रमिक अनशन तब तक जारी रहेगा जब तक सरकार उनकी मांगों को पूरा नहीं करेगी। एसोसिएशन के सदस्यों ने अवकाश लेकर सरकार के खिलाफ विरोध जताया।
प्राथमिक शिक्षकों ने लिया सामूहिक अवकाश
राजकीय प्राथमिक शिक्षक संघ हरियाणा रजिस्ट्रेशन नंबर 949 संबंधित अखिल भारतीय प्राथमिक शिक्षक संघ का क्रमिक अनशन गुरूवार को भी जारी रहा। शिक्षक संघ के सदस्यों व प्राथमिक शिक्षकों ने सामूहिक अवकाश लिया। प्रदेशाध्यक्ष हरिओम राठी ने बताया कि अनशन पर जींद जिले के शिक्षक पवन कुमार, प्रेमचंद अनशन पर रहे। कोषाध्यक्ष अमरजीत मलिक ने कहा कि जो शिक्षक विद्यार्थी की नींव सुनिश्चित करता है, उस अध्यापक की वेतन में कटौती सही नहीं है। इस मौके पर राजेंद्र सिंह, सुरेंद्र कुमार, जगदीप सिंह, राम विलास, सतपाल सिंह, जयपाल सिंह, महीपाल सिंह, सुरेश कुमार व रणधीर मौजूद थे।