लुधियाना. सदन में पार्टी लीडर के अभाव में कांग्रेस पार्षद पिछली दो मीटिंगों में खास नहीं कर सके हैं। इस बार भी कांग्रेस पार्षद पार्टी लीडर के बिना ही मैदान में उतरेंगे। इस बार फैसला यह हुआ कि पार्षद कॉमन समस्याओं की बात करने के बजाएग अपने अपने वार्ड की समस्याओं को सदन के सामने रखेंगे।
पार्षद शहर के प्रोजेक्ट्स की स्टेट्स रिपोर्ट भी मांगेंगे। फेंसी लाइट्स का मसला फिर एकबार सदन में उठेगा। हालांकि पिछली हाउस मीटिंगों के दौरान कांग्रेस पार्षद इस मसले पर आवाज उठाते आए हैं। एकबार फिर पार्षद इस मसले को उठाएंगे। शहर में चरमराई सेनीटेशन व्यवस्था भी मुद्दा बनेगी।
शहर में व्याप्त अतिक्रमण के मसले पर पार्षद इस बार अधिकारियों को ही घेरेंगे। बैठक में यह बात उठी की अतिक्रमण न हटाने को लेकर अकसर अधिकारी पार्षदों के सियासी दबाव की बात कह देते हैं। जबकि कुछ पार्षदों का कहना है कि वे खुद अधिकारियों को लिखित रूप से अतिक्रमण हटाने के लिए कह चुके हैं, लेकिन हुआ कुछ भी नहीं।
मीटिंग में पार्षद हेमराज अग्रवाल, परमिंदर मेहता, गुरप्रीत गोगी, अशोक बग्गा, संजय तलवाड़, अनिल मल्होत्रा, राजू थापर आदि मौजूद थे। पार्षदों ने यह फैसला भी किया कि सदन मीटिंग में विकास पर खुलकर चर्चा करने के लिए वे अपनी तरफ से पूरा प्रयास करेंगे।