सागर. राजनैतिक और प्रशासनिक गतिविधियां ठीक रहीं तो दीवाली के पहले शहर की शक्ल बदल जाएगी। शहर के मुख्य मार्र्गो से अतिक्रमण हटाने की नगर निगम प्रशासन ने तैयारी कर ली है। हालांकि नगरीय प्रशासन एवं जिले के प्रभारी मंत्री बाबूलाल गौर हर बार अतिक्रमण हटाने के मुद्दे पर राजनैतिक जवाब देते हैं। पिछले माह जियोस की बैठक लेने आए श्री गौर का कहना था कि सभी पक्षों की सहमति से अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई की जाए।
निगम आयुक्त रत्नाकर सिंह चौहान का कहना है कि अतिक्रमण हटाने की मुहिम शुरू हो गई है। बुधवार को बंडा रोड स्थित होटल के सामने से अतिक्रमण हटाया गया था। श्री चौहान का कहना है कि दीवाली से पहले शहर की शक्ल बदल दी जाएगी। अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई तीनबत्ती से जामा मस्जिद, नमक मंडी, गुजराती बाजार और विजय टाकीज रोड पर की जाएगी।
कार्रवाई से प्रभावित होने वाले फुटपाथी व्यापारियों के व्यवस्थापन भी किया जाएगा। इन व्यापारियों को मोती नगर तिराहा स्थित पुरानी कांजी हाउस में दुकान लगाने के लिए जमीन देने की कार्रवाई प्रस्तावित है। पूर्व में उन्हें साबूलाल मार्केट में प्लाट आवंटित किए गए थे लेकिन फुटपाथी व्यापारियों ने वहां जाने से मना कर दिया था।
विवाद नहीं सुलझा- फुटकर फल एवं सब्जी विक्रेताओं के व्यवस्थापन का विवाद अभी सुलझा नहीं है। पूर्व में इन व्यापारियों को पुरानी गल्ला मंडी और सब्जी मंडी में शिफ्ट किया जाना था। गल्ला मंडी के रजिस्टर्ड व्यापारियों द्वारा आपत्ति किए जाने पर उनका व्यवस्थापन नहीं हो पाया था।
हर दिन एक अतिक्रमण - तीनबत्ती से लेकर जामा मस्जिद तक सड़क के दोनों ओर हर दिन अतिक्रमण कर नई दुकान लगने लगी है। नगर निगम के रिकार्ड में मुताबिक शहर के मुख्य सड़कों किनारे अतिक्रमण करने वालों की संख्या 350 थी। यह संख्या बढ़कर 500 से ज्यादा हो गई।
जामा मस्जिद के चारों ओर, नमक मंडी से कीर्ति स्तंभ और परकोटा भंडारी तिराहे से तीनबत्ती तक सुबह 11 बजे से दोपहर 1 बजे और शाम 5 से 6 बजे तक वाहनों की रैलम पेल से लोगों का पैदल निकलना खतरे से खाली नहीं है। इन क्षेत्रों में आए दिन दुर्घटनाएं हो रहीं हैं।