छतरपुर. शरद पूर्णिमा पर दूषित मावा की मिठाई खाने से दो दर्जन से अधिक बच्चे तथा महिलाएं बीमार हो गईं। इन्हें गंभीर हालत में जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया है। शरद पूर्णिमा पर महिलाओं ने व्रत रखा और मावा के लड्डूखाए। इन लड्डुओं का एक भाग पुत्र को भी खिलाना पड़ता है।
माताओं ने पूजा के बाद जैसे ही बच्चों को मावा के लड्डू खिलाए तो उल्टी-दस्त तथा पेट दर्द शुरू हो गया। धीरे-धीरे जिला अस्पताल में मावा के लड्डू खाने से बीमार बच्चों तथा महिलाओं की संख्या बढ़ने लगी। शनिवार की रात 11 बजे तक उदय प्रताप (13), श्यामवती (5), तिज्जू (2), पुष्पेंद्र (3), राहुल (6), कैलाश (5), अजय (8), सपना (12), ममता (30), सुधांशु (2) सहित दो दर्जन से अधिक बच्चे तथा महिलाएं भर्ती हो गए। इनमें सरानी दरवाजा मोहल्ले के ही 13 बच्चे शामिल थे।
बीमार बच्चों के अभिभावकों ने बताया कि उन्होंने मावा चौक बाजार स्थित दुकानों से खरीदा था। जिला अस्पताल में यकायक मरीजों की संख्या बढ़ने के बावजूद रात्रि ड्यूटी पर तैनात नर्सों तथा डॉ. राजेश जैन ने काफी मेहनत की।