अलवर. सामान्य चिकित्सालय का ऑपरेशन थियेटर में संक्रमण के खतरे को देखते हुए सोमवार को सर्जनों ने ऑपरेशन करने से मना कर दिया।
इसके बाद अस्पताल के ऑपरेशन थियेटर को बंद कर दिया गया है। आरएचएसडीपी की ओर से तैयार किए गए थियेटर में दो महीने में ही छत से पानी टपक रहा है और दीवारों से चूना-प्लास्टर झड़ रहा है। सामान्य चिकित्सालय में मरम्मत व नव निर्माण कार्यो के लिए करीब तीन करोड़ रुपए स्वीकृत हुए हैं। यह काम आरएचएसडीपी की ओर से कराया जा रहा है।
अस्पताल के थियेटर में छह महीने से चल रहा काम पूरा भी नहीं हुआ है। ऑपरेशन थियेटर बंद नहीं हो इसके लिए अस्पताल प्रशासन ने थियेटर के आधे भाग में काम पहले करा लिया था। मरम्मत के बाद इस भाग में तीन ऑपरेशन टेबल सहित संक्रमण रहित करने के लिए अन्य उपकरण लगाए गए। लेकिन दो महीने में घटिया मरम्मत कार्य की पोल खुल गई। छत के ऊपर रखी टंकी से थियेटर में पानी टपक रहा है और दीवारों से चूना झड़ रहा है।
जनाना में किए इमरजेंसी ऑपरेशन
अस्पताल का ऑपरेशन थियेटर बंद होने के बाद इमरजेंसी के लिए जनाना अस्पताल में वैकल्पिक व्यवस्था करनी पड़ी है। गंभीर अवस्था में आए चार रोगियों का सोमवार को जनाना अस्पताल के थियेटर में ऑपरेशन किया गया। ऑपरेशन के बाद उन्हें एम्बुलेंस से जनाना अस्पताल से सामान्य चिकित्सालय के वार्ड में पहुंचाया गया।
ऑपरेशन के तुरन्त बाद रोगियों को एक अस्पताल से दूसरे अस्पताल में शिफ्ट करने से रोगियों को परेशानी उठानी पड़ी।
स्थगित किए ऑपरेशन, रोगी परेशान
सामान्य चिकित्सालय का ऑपरेशन थियेटर बंद होने से रोगियों के ऑपरेशन नहीं हो सके। वार्डो में भर्ती मरीजों के ऑपरेशन स्थिगित करने पड़े। इनमें कई ऐसे रोगी भी हैं जिनके ऑपरेशन जल्द करने जरूरी हैं।
एक बार तो जनाना वालों ने भी भगा दिया
सामान्य चिकित्सालय का ऑपरेशन थियेटर बंद होने के बाद सर्जन व एनेस्थेटिस्ट इमरजेंसी ऑपरेशन के लिए जनाना अस्पताल पहुंच गए लेकिन वहां के थियेटर प्रभारी ने उन्हें यह कहते हुए वापस लौटा दिया कि जनाना में पहले ही इमरजेंसी ज्यादा आती हैं। ऐसे में उन्हें थियेटर नहीं दिया जा सकता। बाद में पीएमओ के निर्देश के बाद वापस जनाना में ऑपरेशन की व्यवस्था की गई।
क्या कहते हैं चिकित्सक
सर्जनों ने कहा नहीं कर सकते ऑपरेशन
पीएमओ डॉ.प्रदीप गुप्ता का कहना है कि सोमवार को सर्जनों ने ऑपरेशन थियेटर में संक्रमण का खतरा होने के कारण ऑपरेशन करने से मना कर दिया। उन्होंने लिखित में शिकायत दी है।
ठेकेदार ने नहीं किया ठीक काम
ऑपरेशन थियेटर इंचार्ज डॉ.आरजी मीणा का कहना है कि ठेकेदार ने ठीक से काम नहीं किया है। इसी के चलते दो महीने में ही थियेटर की हालत खराब हुई है। दीवारों से भी चूना व प्लास्टर झड़ रहा है। ऑपरेशन थियेटर के लिए करीब ४८ लाख रुपए लाख का काम होना है।
संक्रमण का खतरा है
सर्जन डॉ.राजेन्द्र जुनेजा का कहना है कि चूना, प्लास्टर या पानी गिरने से औजारों में संक्रमण होने की आशंका है। ऑपरेशन के दौरान यदि मरीज के अन्दर कोई संक्रमित वस्तु चली जाए तो उसकी हालत गंभीर हो सकती है।