चंडीगढ़. 55वीं नेशनल स्कूल गेम्स के लिए प्रशासन ही नहीं शहर के खिलाड़ियों ने भी तैयारी कर ली है। जहां प्रशासन इंतजामों को आखिरी रूप देने में जुटा है वहीं खिलाड़ी भी प्रैक्टिस के लिए घंटों पसीना बहा रहे हैं। कौन से राज्य की टीम कहां ठहरेगी, कहां पर खेल होगा, यह सभी कुछ तय कर लिया गया है।
कोशिश की गई है कि खिलाड़ियों के रहने की जगह उनके खेल के मैदान के पास ही हो। 22 से 27 अक्टूबर तक होने वाली इन गेम्स में 25 राज्यों व यूटी की टीमें हिस्सा ले रही हैं। इस बार चार प्रतियोगिताओं का आयोजन किया जाएगा। इनमें डॉजबॉल, जिम्नास्टिक, सॉफ्टबॉल और फेंसिंग हैं। प्रतियोगिता अंडर 14, 17 और 19 की श्रेणी में होगी। चंडीगढ़ प्रशासन ने गेम्स के लिए 12.5 लाख रुपए का बजट मंजूर किया है।
तीन हजार खिलाड़ी लेंगे हिस्सा
इन प्रतियोगिताओं के लिए देशभर से तीन हजार खिलाड़ी हिस्सा लेने आएंगे। 25 राज्यों की टीम ने अपने आने की पुष्टि कर दी है। खेलों का उद्घाटन नगर प्रशासक एसएफ रोड्रिग्स करेंगे जबकि समापन प्रशासक के सलाहकार प्रदीप मेहरा की ओर से किया जाएगा। इस पूरे आयोजन का जिम्मा गृह सचिव राम निवास ने डीपीआई स्कूल्स सम्वर्तक सिंह को नहीं सौंपा है। यह जिम्मा एडीसी पीएस शेरगिल और एसडीएम प्रेरणा पुरी को सौंपा है।
कड़े मुकाबले को तैयार
पिछली साल हुए इन गेम्स में फेंसिंग प्रतियोगिता में चंडीगढ़ के नाम एक गोल्ड, चार सिल्वर और पांच ब्रांज मेडल आए थे। एक गोल्ड और तीन सिल्वर मेडल जीत चुके अंकुश ने बताया कि इस साल पिछली बार से भी अच्छे प्रदर्शन की उम्मीद है। प्रतियोगिता को जीतने के लिए हर रोज करीब साढ़े चार घंटे प्रैक्टिस की है। पिछली बार की तरह ही इस बार भी हमारा कड़ा मुकाबला मणिपुर की टीम के साथ होगा।
सॉफ्टबॉल में ब्रांज मेडल के साथ देशभर में तीसरे स्थान पर रही अंडर 19 टीम के कप्तान भूपिंदर ने बताया कि उनकी टीम की कड़ी टक्कर दिल्ली व पंजाब के साथ होगी। कड़ी मेहनत की है और हौसला बुलंद है इसलिए हम जीतेंगे ही। जिम्नास्टिक में एक सिल्वर व ब्रांज मेडल जीत चुकी दीक्षा ने बताया कि प्रैक्टिस तो काफी की है लेकिन पिछले एक महीने के कैंप में अपनी छोटी से छोटी खामी को भी दूर किया है ताकि परफेक्ट प्रदर्शन रहे।
ताकि न आए समस्या
प्रशासन ने फैसला किया है कि खेले के बाद टीमों को इनाम उन्हीं के संबंधित प्रतियोगिताओं के वेन्यू पर दिया जाएगा। जब भी किसी खिलाड़ी को मेडल मिलेगा उसे समापन समारोह का इंतजार नहीं करना पड़ेगा। हालांकि टीम को ओवरऑल ट्रॉफी संबंधित वेन्यू पर नहीं दी जाएगी।
इस ट्रॉफी को समापन समारोह पर कार्यक्रम के चीफ गेस्ट प्रदीप मेहरा द्वारा दिया जाएगा। पिछले साल हुई नेशनल स्कूल गेम्स के समापन समारोह में कोच व खिलाड़ियों के पेरेंट्स ने शोर मचाकर कार्यक्रम को रोक दिया था। उनका कहना था कि इनाम चीफ गेस्ट नगर प्रशासक एसएफ रोड्रिग्स की ओर से ही दिए जाएं।