तीसरा वनडे आज,भारत का पलड़ा भारी
नई दिल्ली. भारत ऑस्ट्रेलिया के बीच आज तीसरा वनडे मैच यहाँ के फिरोज़ शाल कोटला मैदान में दोपहर 2.30 बजे खेला जायेगा। दोनों टीम फिलहाल एक-एक मैच जीत कर बराबरी पर चल रही है। दोनों टीम चाहेंगी की इस मैच को जीत कर वह मनोवैज्ञानिक बढ़त प्रतिद्वंदी टीम पर बना ले।
भारत की कमजोरी,गेंदबाजी और क्षेत्ररक्षण
भारत की कमजोरी फिलहाल गेंदबाजी रही है। पहले मैच में भारत की तरफ से कोई भी गेंदबाज़ चल नहीं पाया था,पहले मैच में भज्जी सबसे महंगे साबित हुए थे,उन्होंने 10ओवर में सात की औसत से 70 रन दिए थे। नागपुर में भी वोकुछ खास नहीं कर पाए। पर अच्छी बात यह है की स्पिनर रविंदर जडेजा ने पिछले दो मैच में अच्छी गेंदबाजी की है। वही आशीष नेहरा और प्रवीन कुमार ने पहले मैच के मुकाबले नागपुर में अपने लय-ताल में दिखें। टीम इंडिया को दोनों गेंदबाजों से काफी उम्मीदें है।
क्षेत्ररक्षण भी भारत का अब तक हुए दोने मैच में कमजोर रहा है खुद धोनी ने इसे टीम के लिए अच्छा नहीं बताया है और इसमें सुधार की बात कही है।
भारत की मजबूत पक्ष बल्लेबाजी
बल्लेबाजी की बात करें तो भारत की तरफ से सचिन को छोड़ कर सभी अच्छे फॉर्म में चल रहे है। सचिन के लिए आज मौका है की वो 17000 रन पूरा कर विश्व के पहले खिलाड़ी बन जाए। सहवाग और गंभीर ने पिछले मैच में भारत को अच्छी और तेज़ शुरुआत दी थी। उनके आउट होने पर बैटिंग करने आए धोनी ने पारी की रन गति को गिरने नहीं दिया और टीम के लिए तेजी से रन बनाए। बीच में युवराज अधिक टिक नहीं पाए पर थोड़े देर की पारी में ही उन्होंने अच्छी बल्लेबाजी की। भारत का मध्य क्रम अभी मजबूत चल रहा है। भज्जी और प्रवीन ने जिस तरह से पहले मैच में अंत में भारत को जीत के दहलीज़ पर ला खड़ा किया था,उससे इन दोनों से टीम के लिए अंत में रन जुटाने की उम्मीद बंधी है।
ऑस्ट्रेलिया का कमजोरी,गेंदबाजी
ऑस्ट्रेलिया का मजबूत पक्ष हमेश से उनकी गेंदबाजी रही है पर कल ब्रेट ली के केहुनी में चोट लग जाने से ऑस्ट्रेलिया टीम को निश्चिंत तौर पे करारा झटका लगा है।ली अब पूरे सीरीज़ से बाहर हो गए है। ऑस्ट्रेलिया अपने चार महत्पूर्ण खिलाड़ी माइकल क्लार्क,नाथन ब्रकन,ब्रैड हैडिन और कैलम फर्गुसन के बिना दौरे पा आई है और उसके करीब इतने ही खिलाड़ी चोटिल चल रहे है।
ऑस्ट्रेलिया का मजबूत पक्ष क्षेत्ररक्षण
ऑस्ट्रेलिया की बल्लेबाजी में हसी और पोंटिंग तो छोड़ दे तो बाकि के बल्लेबाज़ कुछ खास असर नहीं छोड़ पाए है। पहले मैच में जरुर सभी ने करीब करीब अच्छा खेला था और पहली बार एक ही पारी में चार बल्लेबाजों ने अपना अर्धशतक पूरा कर एक नया कीर्तिमान बनाया था. विकेटकीपर बल्लेबाज़ टीम पैन ने पहले मैच में अर्धशतक लगाया था,पर फिलहाल वे चोटिल है और उनकी जगह ग्राहम मनोऊ आज अपने अंतर्राष्ट्रीय मैच का आगाज़ करेंगे। टीम का मध्य क्रम काफी कमजोर है।बस उनके लिए एक ही बात राहत पहुँचने वाली है,उनकी अंत समय तक लड़ने की क्षमता और उनकी गजब की क्षेत्ररक्षण कौशल। उनके हर एक खिलाडी गेंद को रोकने के लिए अपना पूरा शारीर लगा देते है। यदि आज उनकी बल्लेबाजी और क्षेत्ररक्षण चल निकली तो भारत के यह मैच जितना आसान नहीं रह जायेगा।
पिच की बात करे तो जानकारों का मानना है की कोटला की पिच धीमी है इस लिए जी भी टीम टॉस जीतेगी वह पहले बल्लेबाजी करना चाहेगी,क्यूंकि बाद में बैटिंग करने वाली टीम को रात में पड़ने वाली ओस का सामना करना पड़ेगा। गेंद धीमी आएगी जिससे की बल्लेबाजी को गेंद को देख कर हिट करने करने में सहूलियत होगी,हालाँकि की इसका का उल्टा भी हो सकता है। पर दूसरी पारी में फील्डिंग करने वालो को मैदान में थोड़ी मशकत करनी होगी।
कुल मिला कर आज के मैच में भारत का पलड़ा भारी है। यदि भारत यह मैच जीतता है तो यह सीरीज़ जीताने वाली जीत होगी।










