पटियाला. सिख संगठनों के आह्वान पर पंजाब बंद की कॉल पटियाला में पूरा असर दिखा। शहर की लगभग सभी दुकानें पूर्ण तौर पर बंद रही। बंद के दौरान हालांकि शहर में कोई अप्रिय घटना तो नहीं घटी मगर पुलिस को व्यवस्था संभालने के लिए काफी दौड़धूप करनी पड़ी। डीजीपी पीएस गिल के निर्देशों पर सुबह ही शहर के चप्पे—चप्पे पर पुलिस की टुकड़ियां तैनात की गई। पंजाब पुलिस के साथ—साथ कमांडो भी शहर में तैनात थे। एसपी सिटी आरके शर्मा व डीएसपी (डी) आशीष कपूर ने शहर का मुआयना किया।
पुलिस की घुड़की से भागे सिख कार्यकर्ता : सिख संगठनों के कार्यकर्ताओं ने सदर थाना के बाहर नारेबाजी करते हुए 1984 में हुए दंगों के दौरान शहीद हुए सिखों को इंसाफ दिलाने की मांग की। इसके बाद यह कार्यकर्ता बस स्टैंड पहुंचे और बस स्टैंड का मुख्य द्वार बंद करने की कोशिश की। पुलिस अधिकारियांे द्वारा इसका विरोध करने पर मामला गरमा गया।
एक समय पुलिस व सिख संगठनों के कार्यकर्ता आमने सामने हो गए। तनावपूर्ण स्थिति को देखते हुए एसपी(सिटी) व डीएसपी (डी) मौके पर पहुंचे। देखते ही देखते भारी संख्या में कमांडों के जवान भी बस स्टैंड पर पहुंच गए। स्थिति को भांपते हुए बस स्टैंड बंद कर रहे कार्यकर्ता भाग खड़े हुए और बसों की आवाजाही सामान्य रूप से चलने लगी।
कुछ नौजवानों को उठाया: शहर में सरेआम नंगी कृपाणों लेकर घूम रहे व दुकानों को जबरदस्ती बंद रकवा रहे 6—7 युवकों को स्थानीय पुलिस ने गिरफ्तार भी कर लिया। इनमें बबलू, प्रिंस, संदीप आदि थे। डीएसपी नाभा अर्शदीप सिंह गिल ने बताया कि किसी को भी माहौल खराब करने की इजाजत नहीं दी जाएगी।
खूब बिकी शराब: शहर में बंद के बावजूद शराब के ठेके खुले रहे। पुलिस प्रशासन ने भी ठेके बंद करवाने की जहमत नहीं उठाई। पुलिस अधिकारी कहते रहे कि वो किसी से जबरदस्ती नहीं करेंगे अपनी दुकानें खुली रखे या बंद यह उनकी मर्जी है।
बंद का रहा मिलाजुला असर
मंडी गोबिंदगढ़. दल खालसा के आह्वान पर आपरेशन ब्लू स्टार के विरोध में किए गए पंजाब बंद का लोहा नगरी मंडी गोबिंदगढ़ में मिला जुला असर देखने को मिला। इस दौरान बाजार तो रोजाना की तरह खुले रहे, लेकिन कुछ निजी स्कूल व कारखाने बंद रहे। बंद के कारण लोगों को परेशानी का सामना भी करना पड़ा।
अधिकतर कारोबार बंद रहा
खमाणों. राज्य में सिख संगठन द्वारा दिए गए पंजाब बंद के आह््वान को क्षेत्र में अधिकारी कारोबारियों का समर्थन मिला। इस दौरान मुख्य मार्ग पर यातायात सामान्य से काफी कम रहा। लगभग सभी प्राइवेट स्कूल बंद रहे। सरकारी संस्थान खुले रहे। लेकिन कार्य संबंधी लोग बहुत कम गिनती में पहुंचे। क्षेत्र में किसी अप्रिय घटना की सूचना नहीं मिली।
बंद के दौरान किया प्रदर्शन
फतेहगढ़ साहिब व सरहिन्द में भी बंद का पूरा असर दिखा। सरहिन्द के बाजारों में इक्का दुक्का दुकानों को छोड़ सभी दुकानें बंद रही। जिसके चलते आम जन जीवन अस्त व्यस्त हुआ। बंद के कारण सरहिन्द व फतेहगढ़ साहिब से किसी भी प्रकार की अनहोनी का समाचार नहीं है। सिर्फ कुछ समय के लिए ज्योति स्वरूप चौक पर कुछ युवाओं ने रोष प्रदर्शन किया।