नई दिल्ली. लश्कर-ए-तैयबा के कमांडर अबू ओसामा को मार गिराने वाली रुखसाना कौसर का कहना है कि जम्मू-कश्मीर में स्कूल स्तर पर ही सैन्य शिक्षा मुहैया कराई जानी चाहिए। घाटी के युवाओं और खास तौर पर लड़कियों को सैन्य शिक्षा उपलब्ध कराई जाए। इससे उनमें न सिर्फ देश की रक्षा का जज्बा जगेगा, बल्कि आतंकवाद के नासूर से भी निपटा जा सकेगा।
घाटी की उपेक्षा से आहत: उनका कहना है कि घाटी में आतंकवाद के बढ़ने की एक बड़ी वजह बेरोजगारी है, जिसके प्रति सरकार का रवैया गंभीर नहीं है। लोगों के पास पर्याप्त रोजगार व अन्य मूलभूत सुविधाएं न होने का पाकिस्तान भरपूर फायदा उठा रहा है।
एक पत्रकार वार्ता में भाग लेने मंगलवार को दिल्ली पहुंचीं रुखसाना ने भास्कर से ये बातें कहीं। उन्होंने कहा कि आतंकी संगठन लोगों की मजबूरी का फायदा उठाकर चंद रुपयों के एवज में उन्हें अपने संग जोड़ने में कामयाब हो जा रहे हैं। यही वजह है कि घाटी में आतंक की जड़ें उखड़ने का नाम नहीं ले रहीं। सरकार को इनके निदान के लिए उपयुक्त कदम उठाने चाहिए।