महानगरों में उत्तर पूर्व की महिलाएं होंगी अधिक सुरक्षित
विनीता पांडे Wednesday, November 04, 2009 11:28 [IST]  

नई दिल्ली. उत्तर पूर्व की महिलाओं के साथ बढ़ती हिंसक वारदातों के मद्देनजर सरकार ने तय किया है कि सभी महानगरों में इनके निवास क्षेत्र में अतिरिक्त सुरक्षा इंतजाम किए जाएंगे। महिला व बाल विकास मंत्री कृष्णा तीरथ का कहना है कि जिन इलाकों में उत्तर पूर्व की महिलाएं रहती हैं वहां विशेष पुलिस बूथ बनाए जाएंगे। इन पर मुख्य रूप से महिला पुलिसकर्मी तैनात रहेंगी। वे और उनके सहयोगी सादी वर्दी में इलाके में घूमने वाले शोहदों पर नजर रखेंगे।



प्राथमिकता पर कार्रवाई



तीरथ ने बताया कि उत्तर पूर्व की महिलाओं की शिकायतों पर पुलिस को प्राथमिकता से कार्रवाई करनी होगी। पुलिस और जनता के लिए एक जागरूकता अभियान भी चलाया जाएगा। इससे उन्हें उत्तर पूर्व की संस्कृति समझने में मदद मिलेगी।



उत्तर पूर्व में बेहतर दर्जा



तीरथ ने कहा कि उत्तर पूर्व में महिलाओं की स्थिति अन्य राज्यों (खासतौर पर उत्तरी क्षेत्रों) की तुलना में बेहतर है। उत्तरी राज्यों में समाज पुरुष प्रधान है और महिलाओं को बराबर सम्मान नहीं दिया जाता। वहां महिलाओं के मित्रवत व्यवहार को गलत ढंग से लिया जाता है। कई बार लोग समझ नहीं पाते कि महिलाएं वास्तविकता में सिर्फ दोस्ती चाहती हैं। वे अक्सर ज्यादा आगे के संबंधों के बारे में सोचने लगते हैं और अंतरंगता का प्रस्ताव ठुकराए जाने पर वे आक्रामक हो जाते हैं।



दिल्ली में बुरे हाल



नार्थ ईस्ट सपोर्ट सेंटर एंड हेल्पलाइन नामक एनजीओ के मुताबिक, उत्तर पूर्व के पुरुष व महिलाओं के साथ सर्वाधिक आपराधिक मामले दिल्ली में दर्ज किए गए हैं। चेन्नई, पुणो, मुंबई व बेंगलुरू में भी उन्हें खासी दिक्कतों का सामना करना पड़ता है। एनजीओ की मधु चंद्रा बताती हैं कि उत्तर पूर्व के नागरिकों के साथ सर्वाधिक नस्लीय भेदभाव राजधानी दिल्ली में देखा गया है। यहां उन्हें ‘नेपाली’, ‘फ्री कल्चर’, ‘चिंकी’ जैसे शब्दों से बुलाया जाता है।



८६ फीसदी को दिक्कतें



एनजीओ के सर्वे के मुताबिक उत्तर पूर्व के लोगों के साथ भेदभाव का अनुपात दिल्ली में सर्वाधिक ८६ फीसदी है। इनमें २२.५ फीसदी लोग शारीरिक प्रताड़ना के शिकार हैं। ३.७५ फीसदी ने यौन उत्पीड़न की शिकायत की है, जबकि ३५ फीसदी का कहना है कि उन्हें अभद्र टिप्पणियों का सामना करना पड़ता है।

  Bookmark and Share
 


अपने विचार यहां लिखें:
नाम:
ईमेल आईडी:
भाषा चुनॆ
हिन्दी रॊमन‌ हिन्दी फॊनॆटिक English
विचार:
कोड: