वरिष्ठ पत्रकार प्रभाष जोशी नहीं रहे
नई दिल्ली. देश के वरिष्ठतम पत्रकारों में से एक प्रभाष जोशी का गुरुवार देर रात दिल का दौरा पड़ने से निधन हो गया। जोशी ने गुरुवार रात 11:30 मिनट पर सीने में दर्द की शिकायत की थी जिसके बाद उन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया था। बाद में डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया।दिल्ली से उनके शव को लाने के लिए मध्य प्रदेश सरकार स्पेशल विमान की व्यवस्था की है।
प्रभाष जोशी देश के वरिष्ठ पत्रकार थे। नयी दुनिया घराने की पत्रकारिता करने के बाद उन्होंने 1983 में जनसत्ता की शुरुआत करके पत्रकारिता की परिभाषा को ही बदल दिया था। प्रबुद्ध लोगों के बीच जनसत्ता की अपनी खास पकड़ है। जोशी बहुत पहले ही जनसत्ता से रिटायर हो चुके थे लेकिन अभी भी वे उसके सम्पादकीय सलाहकार थे। उनका कालम कागद कारे और क्रिकेट सम्बन्धी उनके लेख बहुत लोकप्रिय थे।
गाँधी के दर्शन से प्रभावित जोशी पत्रकारिता के जन की भागीदारी को लेकर खूब सक्रिय रहे। उनकी गिनती देश के सबसे यशस्वी पत्रकारों में होती थी। वर्तमान समय के कई बड़े पत्रकारों को जोशी जी ने पत्रकारिता की वर्णमाला सिखाई।












