गोदाम में लगी भीषण आग
फरीदाबाद. हार्डवेयर चौक के पास गुरुवार रात एक कबाड़ के गोदाम में भीषण आग लग गई। आग इतनी भयंकर थी कि रात 12 बजे से लेकर शुक्रवार दोपहर 12 बजे केबाद इस पर मुश्किल से काबू पाया जा सका।
फरीदाबाद व पलवल सहित अन्य निजी कंपनियों की फायर ब्रिगेड की गाड़ियों ने बड़ी मुश्किल से आग पर काबू पाया। आग के कारण लाखों रुपए का नुकसान होने का अंदाजा लगाया जा रहा है। आग के कारणों का पता नहीं लग सका है।
एनएच-एक स्थित डी-ब्लाक में सुदर्शन नामक व्यक्ति का कबाड़ का काम है। हाईवेयर चौक के पास उसके गोदाम में बड़ी संख्या में कागज, रबड़ व गत्ते रखे हुए थे। गोदाम में बहादुर नाम का चौकीदार सो रहा था। गुरुवार देर रात लगभग 12 बजे अचानक गोदाम में से धुआं उठने लगा।
बहादुर गोदाम से बाहर आया और इसकी सूचना तुरंत सुदर्शन व फायर ब्रिगेड को दी। मौके कुछ ही देर में फायर ब्रिगेड की गाड़ियां पहुंच गईं। दर्जनों फायर ब्रिगेड की गाड़ियां आग बुझाने के लिए पानी लाती रहीं, लेकिन रात में आग पर काबू नहीं पाया जा सका।
गोदाम के अंदर रखा कबाड़ खाक होने के बाद ही शुक्रवार दोपहर को आग पर काबू पाया जा सका। गोदाम मालिक सुदर्शन का कहना है कि आग के कारण और नुकसान के बारे में वे कुछ नहीं कह सकते।
अभी तक नहीं हुई ड्राइवरों की नियुक्ति
रेफरल ट्रांसपोर्ट सर्विस के तहत जिले में स्वास्थ्य सेवाओं को बेहतर बनाने के लिए स्वास्थ्य विभाग को सौंपी गईं पांच एंबुलेंस में से तीन एंबुलेंस ड्राइवरों की नियुक्ति न होने के कारण शोपीस बनकर खड़ी हैं।
शोपीस बनी एंबुलेंस
एनआरएचएम नेशनल रूरल हेल्थ मिशन के तहत प्रदेश स्तर पर गांवों में बेहतर स्वास्थ्य सेवा उपलब्ध कराने के लिए रेफरल ट्रांसपोर्ट सर्विस को लागू किया गया है। प्रदेश स्तर पर 14 नवंबर को इस सर्विस को लागू किया जाएगा।
इस सर्विस के तहत जिले में नई सुविधाओं और संसाधनों से लैस पांच नई एंबुलेंस दी गईं हैं। लेकिन अभी तक इनके लिए ड्राइवरों का चयन न होने से पांच एंबुलेंस में से तीन शोपीस बनकर खड़ी हैं।
दो नवंबर को हुआ इंटरव्यू
दो नवंबर को बल्लभगढ़ स्थित बस स्टैंड पर स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों ने एंबुलेंस के लिए १क्३ ड्राइवरों का टेस्ट लिया था। इसमें 98 ड्राइवर परीक्षा में पास हुए, जबकि ५ फेल हुए थे। कई दिन बीत जाने के बाद भी अभी तक इनकी नियुक्तिनहीं हुई। जिला प्रतिरक्षण अधिकारी एमएम शर्मा का कहना है कि उक्त सभी ड्राइवरों की लिस्ट तैयार की जा रही है। इसके तैयार होते ही ग्रेड वाइज ड्राइवरों का चयन कर लिया जाएगा।
मंगलवार तक ड्राइवरों का चयन
रेडक्रास सोसाइटी के सचिव जेएन गहलोत का कहना है कि मंगलवार तक ड्राइवरों की नियुक्ति हो सकेगी। फिलहाल इनकी लिस्ट तैयार की जा रही है। इसमें 103 ड्राइवरों के नाम शामिल हैं, जिनमें से 6-7 ड्राइवरों का चयन किया जाएगा।
लापरवाही पर डीजी भी गरजे
रेफरल ट्रांसपोर्ट सर्विस के तहत लगाई गई सभी एंबुलेंस को जीपीएस (ग्लोबल पोजीशनिंग सिस्टम) के साथ जोड़ दिया गया है। जो बीके अस्पताल में बने कंट्रोल रूम से जुड़ी हुई है। गुरुवार को अस्पताल का मुआयना करने आए डीजी नरवीर सिंह ने भी जीपीएस देखा।
उन्होंने जीपीएस के माध्यम से एंबुलेंस की मूवमेंट देखी। इस दौरान कुछ एंबुलेंस के दिखाई न देने पर उन्होंने अधिकारियों से जवाब मांगा। जहां विभाग के अधिकारियों ने ड्राइवर नियुक्त न होने का कारण बताया। इस पर उन्होंने अधिकारियों को जमकर डाट पिलाई और जल्द ही ड्राइवर रखे जाने का निर्देश दिया।










