अब किसानों को मिलेंगे फ्री बीज और फ्री खाद
कैथल. चीनी की कीमतों में उछाल को देखते हुए कृषि विभाग ने प्रदेश स्तर पर हर हाल में गन्ने का रकबा और प्रति एकड़ उत्पादन बढ़ाने की कवायद शुरू कर दी है। किसान को हर हाल में गन्ना लगाने के लिए प्रोत्साहन और प्रलोभन दिया जा रहा है।
कृषि विभाग ने अब किसान को गन्ने का बीज मुफ्त देने की घोषणा की है ताकि किसान ज्यादा से ज्यादा से गन्ना उगाए। धान के घटते दामों और गन्ने के न्यूनतम समर्थन मूल्य में वृद्धि को भी हथियार बनाकर कृषि अधिकारी किसानों की मनुहार कर रहे हैं।
कहीं से भी खरीदें
कृषि विभाग के मुताबिक किसान कहीं से भी गन्ने का बीज खरीद सकता है। इस बीज की रसीद किसान विभाग में जमा कराएगा और उसे प्रति एकड़ दो हजार रुपए विभाग की ओर से प्रदान किए जाएंगे। बिना रसीद के कोई भुगतान नहीं किया जाएगा। यह स्कीम शुगर मिल और कृषि विभाग की संयुक्त है, जो किसान शुगर मिल के माध्यम से यह लाभ लेगा, वह कृषि विभाग से लाभ नहीं
ले सकेगा।
डीएपी व यूरिया भी फ्री
कृषि विभाग ने गन्ना उगाने वाले किसानों को डीएपी और यूरिया एकदम फ्री देने का भी निर्णय लिया है। किसान की लागत को नाम-मात्र करके उसे ज्यादा कमाने का प्रलोभन दिखाकर गन्ने का रकबा बढ़ सकता है। प्रदर्शनी प्लांट लगाकर और फार्म फील्ड स्कूल के माध्यम से भी किसानों को गन्ने की फसल लगाने के लिए प्रोत्साहित किया जाएगा।
ऐसे करें बिजाई
कृषि विभाग के उपनिदेशक डा.बीएस दलाल के अनुसार गन्ने की बिजाई में किसान अक्सर लापरवाही बरतते हैं। प्रति एकड़ में 35 से 40 क्विंटल प्रति एकड़ में डाला जाना चाहिए, लेकिन किसान अमूमन 20 क्विंटल तक ही डालते हैं। किसान तीन आंखों वाली पोरी को ही बोता है, जबकि दो आंखों वाली पोरी से बेहतर फसल तैयार होती है। ऐसा करके किसान प्रति एकड़ 350- 450 क्विंटल फसल हासिल कर सकते हैं।










