हर शिक्षक को चेक करने होंगे 250 पेपर
चंडीगढ़. पीयू और एफिलिएटिड कॉलेजों के हर शिक्षक को अब पेपर चैक करने की जिम्मेवारी निभानी पड़ेगी। पीयू सिंडिकेट की शुक्रवार को हुई बैठक में यह फैसला लिया गया है। इस फैसले के बाद हर शिक्षक को अपने विषय के कम से कम 250 पेपर चैक करने होंगे। अभी तक चुनिंदा शिक्षकों को ही पेपर चैक करने की जिम्मेदारी दी जाती थी लेकिन अब यह काम हर शिक्षक को करना होगा।
सिंडिकेट का यह फैसला अगले सेशन से लागू होगा। इस फैसले पर पेपरों की चैकिंग के काम को और तेज करने के साथ ही पारदर्शी तरीके से पूरा करने का मक्सद पूरा हो सकेगा। पिछले काफी समय से पेपरों की चैकिंग में देरी से रिजल्ट देरी से निकलने और री—वेल्यूएशन में छात्रों के नंबर कम ज्यादा हो रहे थे।
सिंडिकेट ने इंटरनल असेस्मेंट में फेल हुए छात्रों को राहत देने का फैसला लिया है। इस फैसले के मुताबिक इंटरनल असेस्मेंट में फेल हुए विद्यार्थियों को एक और मौका दिया गया है। सिंडिकेट ने सोपू की आर्ट्स के विद्यार्थियों के प्रश्नपत्र हिन्दी, पंजाबी और अंग्रेजी में देने की मांग को भी पूरा कर दिया है। अब आर्ट्स के सभी विषयों के प्रश्नपत्र तीनों भाषाओं में मिलेंगे।
सिंडिकेट ने डीयूआई प्रो. एससी वैद्य के कार्यकाल को एक्सटेंशन देने का भी फैसला किया है। साथ ही री—इम्पलॉयमेंट स्कीम में काम कर रहे शिक्षकों को भी कुछ सुविधाएं देने का निर्णय हुआ। पीयू ने राजीव गांधी चैयर का कार्यभार संभालने के लिए दिल्ली में हुए इंटरव्यू के नतीजों में कोई भी पात्र उम्मीदवार न मिलने पर चयन प्रक्रिया दोबारा शुरू करने का फैसला लिया है।
पीयू में ह्यूमन राइट्स फिल्म फेस्टिवल
पीयू में शुरू हुए ह्यूमन राइट्स एंड ड्यूटीज कोर्स के विद्यार्थियों की ओर से शुक्रवार को ह्यूमन राइट्स फिल्म फेस्टिवल का आयोजन किया गया। इस फेस्टिवल में दिखाई गई फिल्मों के माध्यम से विद्यार्थियों को सेना की स्पेशल पॉवर्स के संबंध में जागरुक किया गया।










