सीनियर्स ने बाप के सामने जूनि. को किया बेहोश
भोपाल. मौलाना आजाद राष्ट्रीय प्रौद्योगिकी संस्थान (मैनिट) के बाद अब एक निजी इंजीनियरिंग कॉलेज में भी कथित रैगिंग का मामला सामने आया है। रैगिंग के शिकार हुए बीफार्मा प्रथम वर्ष के छात्र आकाश साहू के पिता आरएन साहू ने बताया कि शुक्रवार दोपहर साढ़े बारह बजे बीफार्मा थर्ड ईयर के छात्रों ने पेंट की क्रीज सही न होने पर आकाश की पिटाई लगा दी।
श्री साहू द्वारा घटना की शिकायत प्राचार्य से करने पर गुस्साए छात्रों ने प्राचार्य कक्ष के बाहर ही आकाश को इतना पीटा कि वह बेहोश हो गया। पिपलानी थाना पुलिस ने आरोपी छात्र निशिकांत मिश्रा और सौरभ सहित दस के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया है। कॉलेज प्रबंधन के अध्यक्ष ने बताया कि छात्रों का आपसी झगड़ा था, दोषी छात्रों को सख्त से सख्त सजा दी जाएगी।
सात सीनियर को परीक्षा देने से रोका
मैनिट में विगत रविवार को तीसरे सेमेस्टर के छात्रों ने प्रथम सेमेस्टर के दो छात्रों की रैगिंग ली। रैगिंग में दोनों छात्रों की पिटाई की गई जिसमें उन्हें चोट आईं। मैनिट प्रबंधन ने रातों-रात मिनी प्रोक्टोरल बोर्ड की बैठक बुलाकर सात सीनियर के खिलाफ कार्रवाई कर दी। रैगिंग लेने वाले जिन सात सीनियर छात्रों के नाम सामने आए उनको परीक्षा देने से रोक दिया है। सात में से छह हॉस्टलर छात्र हैं जिन्हें हॉस्टल से निकाल दिया है।
हॉस्टल नंबर दो में रहने वाले प्रथम सेमेस्टर के दो छात्रों को हॉस्टल तीन और चार में रहने वाले कुछ सीनियर छात्रों से एक स्थान पर बुलाया। वहां उनकी रैगिंग ली। रैगिंग के दौरान जूनियर छात्रों की पिटाई की गई। इससे उनके शरीर पर चोट के निशान भी आए। जूनियर छात्रों ने इस घटना के बाद किसी को कुछ नहीं बताया और अपने-अपने कमरे में सो गए।
घटना के कुछ प्रत्यक्षदर्शियों ने इसकी जानकारी वार्डन श्री राजावत को दी। वे हॉस्टल निरीक्षण के बहाने उन जूनियर छात्रों के कमरे पर पहुंचे और उनकी हालत देखी तो तुरंत मिनी प्रोक्टोरल बोर्ड की बैठक बुलाई। रैगिंग लेने वाले जिन सात सीनियर छात्रों के नाम सामने आए उनको परीक्षा देने से रोक दिया है। सात में से छह हॉस्टलर छात्र हैं जिन्हें हॉस्टल से निकाल दिया है। सातों सीनियर छात्रों को प्लेसमेंट से भी रोक दिया है। डीन स्टूडेंट वेलफेयर वीके खरे ने बताया कि अगर इन छात्रों का बाद में आचरण अच्छा हो जाएगा और वे रैगिंग रोकने के लिए प्रयास करेंगे तो उन्हें प्लेसमेंट का मौका दिया जा सकता है।
50 सीनियर छात्रों करेंगे निगरानी
मैनिट प्रबंधन ने रैगिंग रोकने के लिए संस्थान के अंतिम वर्ष के 50 छात्रों को निगरानी में लगाया है। इन्हें मैनिट ने कार्ड भी दिए हैं। इसके साथ ही शिक्षकों की ड्यूटी भी लगाई गई है। वे हॉस्टल में दो-दो घंटे के अंतराल से आकस्मिक निरीक्षण करेंगे। प्रथम सेमेस्टर के छात्रों की कक्षाओं से लेकर उनके भोजनावकाश में जाने की अवधि में शिक्षक और एंटी रैगिंग में लगाए गए अंतिम वर्ष के छात्र उन पर नजर रखते हैं।











