विवि में छात्रों पर लाठियां भांजी
बीकानेर. महाराजा गंगासिंह विश्वविद्यालय परिसर में शनिवार को प्रदर्शन कर रहे अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद के छात्रों पर पुलिस ने लाठीचार्ज कर दिया। लाठीचार्ज के दौरान दो-तीन छात्रों के चोंटें भी आई हैं।
विद्यार्थी परिषद के कार्यकर्ता प्रदेश मंत्री भगवानसिंह मेड़तिया के नेतृत्व में विश्वविद्यालय परिसर में पहुंच गए। मेड़तिया ने कार्यकर्ताओं के साथ सुबह 11 बजे शुरू हुई बोम की बैठक में दखल देने के लिए प्रवेश किया तो पुलिस ने उन पर और अन्य कार्यकर्ताओं पर लाठियां भांजनी शुरू कर दी।
पुलिस ने परिषद के कार्यकर्ताओं को पीट-पीट कर विवि के कुलपति सचिवालय परिसर से बाहर निकाल दिया। इसके बावजूद भी छात्रों ने प्रदर्शन जारी रखा और लाठीचार्ज होने पर आक्रोशित होकर विवि परिसर की खिड़कियों के शीशे तोड़ दिए। लाठी चार्ज में एबीबीपी के चिंटूसिंह, धीरज पंडित, मनीष, नारायण ओझा के हाथ व पैरों पर चोटे आईं तथा उनके कपड़े तक फट गए।
इसी बीच एसएफआई के कार्यकर्ता संयुक्त सचिव विप्लव व्यास के नेतृत्व में प्रदर्शन करने के लिए आ गए। एसएफआई के छात्रों ने एम.एस. कॉलेज की छात्राओं के समाज शास्त्र विषय का री-वेल्युशन रिजल्ट समय पर नहीं निकालने तथा इसे निशुल्क नहीं करवाने पर विवि प्रशासन के खिलाफ नारे लगाए।
लाठी चार्ज के दौरान व्यास और प्रेमसिंह पंवार के भी हाथ पर चोट आई हैं। छात्र संगठनों के प्रदर्शन को देखते हुए नयाशहर थाना पुलिस के अलावा बीछवाल थाना पुलिस और आरएसी के जवान भी मौके पर पहुंच गए। मामला बढ़ने की सूचना पर सीओ सिटी मुरलीधर किराड़ू भी मौके पर पहुंच गए।
प्रदर्शनकारी छात्र बोम की बैठक में पहुंचकर अपनी बात रखना चाहते थे। इसे लेकर सीओ सिटी और छात्रों के बीच काफी बहस हुई। अंत में छात्र नेताओं ने सीओ सिटी को ज्ञापन सौंपा। किराडृू ने बताया कि ज्ञापन संभागीय आयुक्त तक पहुंचा दिया गया। मेड़तिया ने बताया कि विवि रजिस्ट्रार को भी ज्ञापन सौंपा गया है। वहीं एसएफआई के कार्यकर्ताओं ने बोम की बैठक के बाद संभागीय आयुक्त को ज्ञापन दिया।










