थैलेसीमिया से पीड़ित स्कूली बच्चों का होगा मुफ्त इलाज
चंडीगढ़. पंजाब के सरकारी और सहायता प्राप्त स्कूली बच्चों में थैलेसीमिया (रक्त की कमी) की बीमारी का इलाज मुफ्त होगा। इसके लिए प्रदेश के स्वास्थ्य विभाग ने सहमति दे दी है। पंजाब में कैंसर व दिल की बीमारियों से पीड़ित स्कूली बच्चों का भी मुफ्त इलाज किया जा रहा है।
29 लाख स्टूडेंट्स को होगा लाभ: योजना के सिरे चढ़ने के बाद राज्य के पहली कक्षा से लेकर प्लस टू कक्षा तक के 19 हजार 500 स्कूलों के लगभग 29 लाख बच्चों को लाभ मिल सकेगा।
खतरनाक है थैलेसीमिया : थैलेसीमिया एक ऐसा खतरनाक रोग है जिसमें रक्त की कमी हो जाती है। आरबीसीज सैलों की कमी के कारण रक्त नहीं बन पाता। ऐसी हालत में अगर बीमार को ब्लड ट्रांसफर न किया जाए तो कुछ समय बाद उसकी की मौत हो जाती है।
अधिकतर पीड़ित बच्चे: यह बीमारी जैनेटिक होने के कारण इसके अधिकतर मरीज बच्चे हैं। अभी तक राज्य में ऐसे मरीजों की संख्या लगभग 800 हैं। यह मरीज राज्य भर में कार्यरत लगभग 15 थैलसिमिक सोसायटीज के साथ रजिस्टर्ड हैं। सबसे अधिक 215 मरीज लुधियाना जिले में काम करने वाली सोसायटीज के साथ रजिस्टर्ड हैं। पटियाला जिले के साथ 175, जालंधर के साथ 68, अमृतसर के साथ 80, बठिंडा से 30 और पीजीआई चंडीगढ़ से 151 मरीज रजिस्टड्रर्ड हैं।










