कालिया की खिंचाई
चंडीगढ़. ‘पंजाब सरकार द्वारा विभिन्न वर्गो व सेक्टर्स को दी जा रही सब्सिडी की समीक्षा करने और प्रदेश की वित्तीय स्थिति को सुधारने के लिए बनाई गई दो सदस्यीय कमेटी की दो बैठकें हो चुकी हैं। तीसरी और अंतिम बैठक में कमेटी अपनी सिफारिशें सरकार को दे देगी।’ यह सफाई कमेटी में भाजपा का प्रतिनिधित्व कर रहे उद्योगमंत्री मनोरंजन कालिया ने पार्टी की कोर कमेटी के सामने दी है।
कालिया ने जब यह बात कोर कमेटी के सामने रखी तो भाजपा नेताओं ने इस पर नाराजगी जताई। उन्होंने कालिया से पूछा कि आखिर रिपोर्ट देने में देरी क्यों हो रही है? भाजपा नेता इस बात से खफा थे कि मुख्यमंत्री के बिजली की बढ़ी दरों का भार उठाने के आश्वासन के बावजूद इसे लागू नहीं किया जा रहा और भाजपा मंत्री कैबिनेट की बैठक में इसके खिलाफ आवाज तक नहीं उठाते। कोर कमेटी का कहना था कि भाजपा मंत्रियों के इस रवैये की वजह से काडर मंे निराशा बढ़ रही है और अगर इस रवैये को बदला नहीं गया तो अगले विधानसभा चुनाव में पार्टी की सीटें दो अंकों में भी नहीं पहुंच पाएंगी।
भाजपा कोर कमेटी की बैठक बुधवार को चंडीगढ़ में हुई थी। सब्सिडी पर विचार के लिए गठित सुखबीर बादल और मनोरंजन कालिया की कमेटी की दो मीटिंग के बाद भी रिपोर्ट न आने से भाजपा नेता नाराज थे। उनका कहना था कि कमेटी को एक महीने का समय दिया गया था लेकिन डेढ़ महीने के बाद भी रिपोर्ट का नामो निशान नहीं है।
दरअसल दोनों पार्टियों के बीच बात शहरी और ग्रामीण सेक्टर पर बराबर-बराबर बोझ डालने को लेकर रिपोर्ट अटकी हुई बताई जाती है। बुधवार को हुई बैठक में भी इस पर गहन चर्चा की गई। बैठक में भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष प्रो. रजिंदर भंडारी, कैबिनेट मंत्री मनोरंजन कालिया, पूर्व मंत्री बलरामजी दास टंडन, मदन मोहन मित्तल और ब्रिज लाल रिणवा के अलावा संगठन सचिव अजय जैमवाल भी थे।
नहीं उठाने दिया जंजुआ का मुद्दा
भाजपा कोर कमेटी नेताओं ने मनोरंजन कालिया को उद्योग सचिव वीके जंजुआ का मुद्दा यह कहते हुए उठाने नहीं दिया कि यह मामला रिश्वत से जुड़ा हुआ है। भाजपा भ्रष्ट अधिकारियों की पैरवी नहीं करेगी।










