ढोल पर थिरके सुखबीर
अमृतसर. हजारों की तादाद में जनसमूह, खुशनुमा माहौल, पंजाब की आन-शान गुरदास मान और पम्मी बाई के गीतों पर थिरकते कई नेता। ऐसे में भला पार्टी प्रधान सुखबीर बादल खुद को कैसे रोक पाते। भागदौड़ की जिंदगी को भूलकर वह भी ढोल की थाप पर खूब नाचे। मौका था, उनके साला और पूर्व लोक संपर्क मंत्री बिक्रम मजीठिया के विवाह की पार्टी का।
गुरदास मान के गीतों पर थिरकते सुखबीर का साथ दिया सांसद नवजोत सिंह सिद्धू ने। ऐसे में खुशी के मारे पिता सत्यजीत मजीठिया और माता सुखमनजस कौर के आंसू निकल आये। बेटे की लोकप्रियता का संभवत: उन्हें भी एहसास नहीं था। सीएम प्रकाश सिंह बादल ही नहीं, खुद मजीठिया भी हलके की जनता का प्यार देख भावुक हो उठे। मजीठिया को बधाई देने के लिए माझा के नेताओं का तांता लगा हुआ था।
हालांकि पार्टी से पूर्व घोषणा की गई थी कि कोई भी उन्हें शगुन न दे, वह केवल प्यार और आशीर्वाद के भूखे हैं। पार्टी के दौरान खानपान के प्रबंध का जिम्मा मजीठिया के पीए तनबीर सिंह गिल, कर्नल संतोख सिंह, मेजर शिवचरण सिंह, स्वर्ण सिंह, तरसेम सिंह स्यालका, गगनदीप सिंह भकना आदि ने संभाला।
मजीठिया और बादल परिवार को बधाई देने वालों में सांसद राज मोहिंदर सिंह मजीठिया, सांसद डा. रत्न सिंह अजनाला, गुलजार सिंह रणिके, हीरा सिंह गाबडिया, वीर सिंह लोपोके, विरसा सिंह वल्टोहा, इंद्रबीर सिंह बुलारिया, अनिल जोशी, हरमीत संधू, अमरपाल सिंह बोनी, लखबीर सिंह लोधीनंगल, मेयर श्वेत मलिक, डा. बलदेव राज चावला, बख्शी राम अरोड़ा, एसजीपीसी प्रधान अवतार सिंह मक्कड़, एसजीपीसी सदस्य संतोख सिंह समरा, जिला परिषद चेयरमैन राजिंदर कुमार पप्पू, जत्थेदार हरभजन सिंह आदि मौजूद थे।
अज्ज रहण देवो सवाल
विवाह से कुछ दिन पहले रिसैप्शन रखने के मजीठिया के फैसले से सभी नेता हैरान थे। इसका जवाब दिया सुखबीर ने, उन्होंने बताया कि उनके पिता प्रकाश सिंह बादल की शादी की 50वीं वर्षगांठ भी आज ही है। दोनों खुशियां साथ-साथ होने के कारण रविवार को पार्टी रखी गई। कैप्टन अमरिंदर सिंह पर बलात्कार के आरोप पर टिप्पणी करने से इंकार करते सुखबीर ठेठ पंजाबी में बोले कि अज्ज रहण देवो कोई वी सवाल-जवाब।










