बिना आक्सीजन कैसे बचेगी जिंदगी
अम्बाला सिटी. स्वास्थ्य विभाग ने सिविल अस्पातलों में एंबुलेंस सेवा तो उपलब्ध करा दी है, लेकिन बिना आक्सीजन सिलेंडर के इनमें पीजीआई जाने वाले मरीज रास्ते में दम तोड़ सकते हैं। बिना आक्सीजन के सिलेंडर के इन एंबुलेंस का कोई औचित्य नहीं रह जाता।
यदि किसी मरीज को रेफर करना पड़े तो उसके लिए स्पेशल आक्सीजन सिलेंडर का इंतजाम करना पड़ेगा। हालात ये हैं कि सिविल अस्पताल में भी सिलेंडर गिनती के ही हैं। उन्हें एम्बुलेंस में लगाकर चंडीगढ़ तक नहीं भेजा जा सकता, क्योंकि पीछे भी आक्सीजन के एकदम से आवश्यकता पड़ सकती है।
कहां-कहां मिली एम्बुलेंस
सरकार ने सिटी के सिविल अस्पताल, छावनी, नारायणगढ़ सिविल अस्पताल के अलावा सीएचसी चौड़मस्तपुर, मुलाना, बराड़ा, शहजादपुर में भी एम्बुलेंस सेवा उपलब्ध कराई है। इसके अलावा बीहटा, नाहौनी, नग्गल, माजरी, पंजोखरा, अंबली पीएचसी में भी इस सेवा को उपलब्ध कराया गया है।
इस सेवा का खास फायदा यह है कि यदि कोई महिला की डिलीवरी है, दुर्घटना में कोई घायल है या फिर कोई व्यक्ति बीपीएल वाला है तो उसे अस्पताल तक निशुल्क पहुंचाया जा सकेगा। जबकि अन्य से शहर के 150 रुपए तथा पीजीआई तक के सात रुपए प्रति किलोमीटर के हिसाब से चार्ज किए जा सकेंगे।
एंबुलेंस का होगा पूरा रिकार्ड
एम्बुलेंस के लिए जो केंद्र स्वास्थ्य विभाग ने ट्रामा सेंटर में बनाया है। वहां पर सभी एम्बुलेंस का पूरा रिकार्ड होगा, क्योंकि इन एम्बुलेंस में जीपीएस सिस्टम लगाया गया है। चालक एम्बुलेंस को कहां लेकर खड़ा तथा वह किस स्पीड से जा रहा है। इसका पूरा विवरण कंप्यूटर स्क्रीन पर आ जाएगा। यदि किसी चालक ने कौताही बरती तो उसे तुरंत नौकरी से निकाला जा सकेगा।
सिर्फ एक सप्ताह की ट्रेनिंग
अब भी स्वास्थ्य विभाग गंभीर मरीजों के प्रति गंभीर नहीं है। पहले की ही भांति ही मरीज को पीजीआई रेफर करते समय उसके साथ नर्सिग स्टाफ को भेजने में असमर्थ सा दिखाई दे रहा है। एम्बुलेंस चालकों को ही केवल एक सप्ताह की ट्रेनिंग देकर उन पर मरीज को सही सलामत पीजीआई भेजने का ठेका दे दिया है। यदि मरीज का सांस उखड़ेगा या फिर ग्लूकोज या ब्लड की सीरींज निकल जाए तो चालक ही देखेंगे।
सबक लिया स्वास्थ्य विभाग ने
एम्बुलेंस सेवा उपलब्ध न होने के कारण सिटी के सिविल अस्पताल में जिस युवक की मौत हुई है। उसके बाद स्वास्थ्य विभाग ने इससे पूरी तरह से सबक लिया है। इसके लिए स्वास्थ्य विभाग ने लीलावती अस्पताल, कपूर अस्पताल तथा हरि मंदिर सेवा सोसाइटी की एम्बुलेंस को अपनी सेवा में रविवार रात से ही शामिल कर लिया है। 102 नंबर पर फोन करने के बाद यदि स्वास्थ्य विभाग की एम्बुलेंस नहीं है तो उन्हें भेजा जा सकेगा।
एम्बुलेंस में आक्सीजन सिलेंडर न होने के बारे में सीएमओ को लिखा जा चुका है। जल्द ही सिलेंडर उपलब्ध हो जाएंगे। - किरण, फ्लीट मैनेजर, एंबुलेंस कंट्रोल रूम, अम्बाला सिटी










