एक और पायलट प्रोजेक्ट भीलवाड़ा को
भीलवाड़ा. विशिष्ट आजीविका मिशन, राष्ट्रीय भू-अभिलेख कंप्यूटराइजेशन प्रोग्राम के बाद अब बीपीएल युवाओं को मुफ्त आवासीय प्रशिक्षण देकर सिक्यूरिटी प्रोफेशनल्स बनाने का राज्य का पायलट प्रोजेक्ट भी भीलवाड़ा को मिला है। इसकी शुरुआत 10 दिसंबर को बीगोद कस्बे से होगी। युवाओं का चयन 22 नवंबर को यहां
किया जाएगा।
सांसद डॉ.सी.पी.जोशी के केंद्रीय ग्रामीण विकास एवं पंचायतीराज मंत्री बनने के बाद से ही एक-एक कर जिले को प्रोजेक्ट मिल रहे हैं। केंद्रीय ग्रामीण विकास मंत्रालय ने दिल्ली की सिक्यूरिटी एंड इंटेलीजेंस सर्विसेज (इंडिया) लि. (एसआईएस) को जिले के बीपीएल बेरोजगार युवाओं को सिक्यूरिटी गार्ड व सुपरवाइजर का प्रशिक्षण देने की जिम्मेदारी दी है।
कलेक्टर मंजू राजपाल ने बताया कि प्रशिक्षण केंद्र बीगोद के राजकीय सीनियर हायर सैकंडरी स्कूल के हॉस्टल भवन में चलेगा। इसके बदले एसआईएस विभाग को किराया देगी। पहला बैच 50 का होगा। जिले भर के युवा प्रशिक्षण प्राप्त कर सकेंगे। इसमें विशिष्ट आजीविका मिशन के लिए चयनित 100 गांवों के युवाओं को विशेष तरजीह मिलेगी।
एसआईएस के असिस्टेंट वाइस प्रेसीडेंट हिरण्य मोहंती ने बताया कि एक माह का पूर्ण आवासीय प्रशिक्षण निशुल्क होगा। सिक्यूरिटी गार्ड के लिए 10वीं व सुपरवाइजर के लिए 12वीं पास तथा न्यूनतम उम्र गार्ड के लिए 18 तथा सुपरवाइजर के लिए 22 व अधिकतम 35 होनी चाहिए।
प्रशिक्षण के लिए पंजीयन 22 को प्रशिक्षणार्थियों के चयन के लिए 22 नवंबर को सुबह 9.30 बजे से राजीव गांधी आडिटोरियम में शिविर लगेगा। इसमें आवेदनपत्र लेकर पंजीयन किया जाएगा। फिर प्री-एनरॉलमेंट टेक्ट होगा। इसमें सामान्य ज्ञान परखा जाएगा। सफल प्रशिक्षणार्थी को इंदिरा गांधी राष्ट्रीय खुला विश्वविद्यालय (इग्नू) नई दिल्ली द्वारा जारी प्रमाणपत्र भी दिया जाएगा।










