अफसर-गाड़ियां चुनाव में
बीकानेर. सोमवार रात को नहर किनारे गश्त करने निकले कंवरसेन के अधिशासी अभियंता के सामने पांच जगह पानी चोरी के प्रकरण आए। सभी प्रकरणों में जहां किसान भाग गए वहीं एक जगह साइफन के टुकड़े किए गए।
अधिशासी अभियंता एम.के.पंवार के साथ बिरधवाल हैड के दायें पटड़े पर गश्त के लिए निकली टीम को बुर्जी 33-500 पर चैन चढ़ाया साइफन नजर आया। गाड़ी वहां तक पहुंची तब तक काश्तकार भाग गए मगर इस टीम ने साइफन को काटकर टुकड़े कर दिए। बुर्जी 33-800 और 34-300 पर भी साइफन लगे थे मगर आगे कार्रवाई होते देख वहां के किसान साइफन उठाकर भाग गए। सीधा मोघा बुर्जी 85.3 आर पर बिना वरीयता के पानी चल रहा था।
यह टीम वहां पहुंची तो मौके पर साइफन लगाने और पांच-छह लोगों के बैठे होने के निशान मिले। ऐसे में सहायक अभियंता को सिंचाई-ड्रेनेज एक्ट में कार्रवाई करने का निर्देश दिया गया। इससे पूर्व मंगलवार सुबह चारणा वितरिका के चक मोघा बुर्जी नौ को तोड़कर अधिक पानी लेने का प्रकरण भी सामने आया। इसमें दोषियों के खिलाफ कार्रवाई का प्रस्ताव बनाने के लिए कहा गया है।
एक क्षेत्र में एक ही रात में सामने आए चोरी के इन प्रकरणों के साथ ही समूचे नहरी क्षेत्र में चोरी के प्रकरण बढ़ने का अनुमान है। इसकी वजह है, अधिकारियों की चुनाव में ड्यूटी और रेगुलेशन से जुड़े काम तक की गाड़ियों को चुनाव में उपयोग करना। नहरकर्मियों का कहना है, पानी की किल्लत, किसानों के आंदोलन और चोरियां रोकने की जरूरत को देखते हुए नहर के निरीक्षण और रेगुलेशन कार्य से जुड़ी गाड़ियों और अधिकारियों को चुनाव से मुक्त रखा जाना चाहिए।
महीनेभर पहले देना होगा निरीक्षण कार्यक्रम
नहर के प्रभावी रख-रखाव के लिए सरकार ने अब नहर अधिकारियों को अपने निरीक्षण कार्यक्रम एक महीने पहले तय कर उसकी सूचना देने का निर्देश दिया है। ऐसे में अधिशासी अभियंता से मुख्य अभियंता स्तर तक के अधिकारियों को अब नवंबर के आखिरी सप्ताह में ही दिसंबर महीने के सभी निरीक्षण दौरों का कैलंडर बनाकर सरकार को देना होगा।










