अश्लीलता का पाठ पढ़ाते थे टीचर
चंडीगढ़. सेंट जॉन्स स्कूल सेक्टर 26 के टीचर माइकल एंजेलो फ्रांसेस क्लास में अश्लीलता का पाठ पढ़ाते थे। यह बात चंडीगढ़ प्रशासन की जांच में सामने आई है। लिहाजा जांच कमेटी ने माइकल को दोषी करार दिया है। जांच रिपोर्ट के मुताबिक टीचर ने अपने हाथ से लिखकर स्कूल के विद्यार्थियों को ऐसा गीत गाने के लिए कहा जिसमें कि अश्लील भाषा है। रिपोर्ट में स्कूल प्रिंसिपल कविता दास को साइबर क्राइम को प्रमोट करने के लिए दोषी पाया गया है।
गीत में अश्लीलता
माइकल स्कूल की एल्बम को विद्यार्थियों के साथ मिलकर तैयार कर रहे थे। रिपोर्ट के मुताबिक गीत में इस्तेमाल अश्लीलता शब्दों का प्रयोग कर विद्यार्थियों के दिमाग को प्रदूषित किया जा रहा है। एक अक्टूबर 2009 को माइकल ने शिकायत करने वाले अभिभावक को एसएमएस कर अपनी एक गलती के लिए माफी मांगी। एसएमएस में लिखा गया है कि ‘मैं आपके गुस्से को समझता हूं लेकिन आप मेरी गल्ती के लिए मुझे माफ कर सकते हैं।’
साइबर क्राइम को किया प्रमोट
रिपोर्ट के मुताबिक स्कूल प्रिंसिपल कविता दास के हस्ताक्षर के साथ जारी किए गए एक सकरुलर में कहा गया है कि 20 अक्टूबर 2007 को प्रोटेक्ट एंड कॉन्कर नामक प्रतियोगिता है। इसमें सर्वर के साथ ही दूसरे मेंबर्स के लॉग-इन को हैक करना होगा। विद्यार्थियों को हैकिंग के लिए दो घंटे का समय दिया जाएगा। आरोप है कि इससे साइबर क्राइम को बढ़ावा दिया गया।
डिपार्टमेंट नहीं बन सकता मूक दर्शक
रिपोर्ट में बताया गया है कि स्कूल में इस तरह के काम होता देख डिपार्टमेंट मूक दर्शक बनकर नहीं रह सकता। जो आरोप सिद्ध हुए हैं वह माइकल पर अश्लीलता का पाठ पढ़ाने और कविता दास पर साइबर क्राइम को फैलाने व माइनॉरिटी स्कूल की आड़ में जांच में सहयोग न देने के लिए काफी है। प्रशासन के एक आला अधिकारी ने बताया कि जांच रिपोर्ट स्कूल प्रशासन को सौंप दी जाएगी ताकि स्कूल ही दोषियों के खिलाफ कार्रवाई करे।
प्रशासन को दिया नोटिस
स्कूल प्रशासन के प्रवक्ता के मुताबिक माइनॉरिटी कमीशन फॉर स्कूल्स ने प्रशासन को नोटिस दिया है कि वह एक माइनॉरिटी स्कूल में दखल अंदाजी कैसे कर रहे हैं। हालांकि जांच रिपोर्ट के सवाल को प्रवक्ता ने नो कमेंट्स कह कर टाल दिया। माइकल ने कहा कि वह इस बारे में कुछ नहीं कहना चाहते जो भी कहना होगा वह स्कूल प्रशासन ही कहेगा।










