नदी बचाने शुरू हुआ हस्ताक्षर अभियान
रायगढ़. जिले की जीवनदायिनी केलो नदी के जल को प्रदूषित करने वालों को दंडित करने व प्रदेश के सिंचाई विभाग नदी जल का सौदा करने का आरोप लगाते हुए शहर वासियों ने बुधवार को हस्ताक्षर अभियान चला कर विरोध प्रदर्शन किया। जिसमें चक्रधर नगर केलो पुल पर पंडाल लगाने के अलावा इस राह पर आने-जाने वाले सभी लोगों ने इस अभियान का समर्थन करते हुए हस्ताक्षर किए।
जिसे राज्यपाल ईएसएल नरसिम्हन को ज्ञापन सौंपा। हस्ताक्षर अभियान के दौरान लोगों ने बताया कि जिले के एक छोर लैलूंगा ब्लाक के दुर्गम स्थान से प्रारंभ होने वाली के लो नदी सदियों से इस जिले के लाखों लोगों को अपने जल से जीवन प्रदान करती आ रही है।
विगत अनेक वर्षो से जनता की मांग पर इस पर बांध बनाए जाने का प्रयास जारी है वहीं इसमें निको जायसवाल औद्योगिक समूह के कोयला खदान के गंदे पानी की निकासी से केलो के जल में गंदा पानी मिला इसे जहरीला बनाए जाने के आरोप लागए जा रहे हैं। जिससे रायगढ़ वासी कई बीमारियों से ग्रसित हो रहे हैं, वहीं प्रशासनिक का मूक-बधिर रुपी रहना संदेहास्पद सा प्रतीत हो रहा है।
पिछले दिनों भी घेराव कर बिखेरा था पानी
सिंचाई विभाग द्वारा केलो नदी के जल को निको जायसवाल समूह के उद्योग को हमीरपुर-जोबरों के पास बुदला के निकट से लगभग 10 मी.घ.मी पानी देने के कार्रवाई को 05-06 के आंकड़ों के अनुसार देने का प्रयास का आरोप लगाते हुए कुछ दिनों पहले ही क्षेत्रवासियों ने सैकड़ों की संख्या में विरोध प्रदर्शन किया था। जिसमें पहले गजानंद पुरम स्थित निको जायसवाल के आफिस में गंदा पानी उड़ेला वहीं घंटो तक सिंचाई विभाग का घेराव करते हुए नारेबाजी की थी। जिसे एरिगेशन के अधीक्षण अभियंता अनिल दुबे द्वारा दुबारा जांच करने के लिखित आदेश दिए जाने के बाद ही प्रदर्शनकारी लोटे थे।










