मार्गशीर्ष शुक्ल चतुर्थी संवत् 2066, शाके 1931, रवि दक्षिणायने, हेमंत ऋतु, हिजरी सन् 1430, 20 नवंबर
तिथि संवत- मार्गशीर्ष शुक्ल चतुर्थी संवत् 2066, शाके 1931, रवि दक्षिणायने, हेमंत ऋतु, हिजरी सन् 1430, 20 नवंबर शुक्रवार (विनायक चतुर्थी)
सूर्योदय कालीन नक्षत्र
मूल नक्षत्र प्रात: 11.00 तक पश्चात पूर्वाषाढ़ा, घृति योग तथा वणिज करण। (भारतीय समयानुसार)
ग्रह विचार
सूर्य, बुध- वृश्चिक, चंद्र, राहु-धनु, गुरु-मकर, केतु- मिथुन, मंगल-कर्क, शनि- कन्या, व शुक्र- तुला राशि में।
शुभाशुभ ज्ञानम़्
चतुर्थी दूसरे दिन प्रात: 6.01 तक, धनु राशि का चंद्रमा पूरे दिन विद्यमान। चंद्र तथा राहु की अशुभ गोचरीय युति अत: अनावश्यक लेन देन तथा व्यर्थ के विवाद से बचें। भद्रा अपराह्न् 4.54 से प्रात: 6.01 तक।
शुभ अंक- 8 रंग- लाल
खरीदारी हेतु श्रेष्ठ समय
दोप.12.12 से 1.34 तक।
राहुकाल
प्रात: 10.50 से 12.12 तक।
दिशाशूल
पश्चिम, यदि आवश्यक हो तो जौ का सेवन कर प्रस्थान करें।
चौघड़िया मुहूर्त
प्रात: 6.43 से 8.05 तक चंचल, प्रात: 8.05 से 9.27 तक लाभ, प्रात: 9.27 से 10.50 तक अमृत, दोप. 12.12 से 1.34 तक शुभ, अपराह्न् 4.19 से 5.41 तक चंचल, रात्रि 8.57 से 10.35 तक लाभ।
आज जन्मे बच्चें का नाम व राशि
समय नक्षत्र चरण पाया राशि जन्माक्षर
प्रात: 11.00 तक मूल 4 लोहा धनु भी
सायं 5.39 तक पूर्वाषाढ़ा 1 ताम्र धनु भू
रात्रि 12.19 तक पूर्वाषाढ़ा 2 ताम्र धनु धा










