बदल दी बाइबल की कहानी
लंदन. विवादित पुस्तक ‘हीज डार्क मैटेरियल्स’ के लिए चर्चित लेख्रक फिलिप पुलमैन ने अब इतिहास की सबसे पुरानी कहानी को अपने हिसाब से कहने की कोशिश की है।
यह कहानी बाइबल के ‘न्यू टेस्टामेंट’ में लिखी जीसस के जीवन की कहानी है। उन्होंने जीसस की जीवनगाथा को अपने अंदाज में लिखते हुए इसका अंत ही बदल डाला है। उन्होंने जीसस के आखिरी समय की कहानी को बदलते हुए एक अलग परिस्थिति की कल्पना की है।
फिलिप के एक दोस्त ने एक अखबार को बताया कि फिलिप ने अपनी कहानी में यह दिखाने की कोशिश की है कि अगर रोमन बादशाह के सामने जीसस के मामले की सही सुनवाई हुई होती तो क्या होता। फिलिप की पहले की किताबें भी आलोचना का केंद्र रही हैं।
राष्ट्रीय धर्मनिरपेक्ष काउंसिल के मानद एसोशिएट पुलमैन की किताबों पर धार्मिक और मानव अधिकारों की कैथोलिक लीग नामक संस्था ने विरोध जताया है। हालांकि इस किताब को बाल-कथा लेखक सीएस लुईस की किताब ‘द क्रॉनिकल्स ऑफ नार्निया’ का जवाब माना जाता है।
पुलमैन कई बार लुईस की आलोचना कर चुके हैं। हालांकि इंग्लैंड के सर्वोच्च धार्मिक नेता और कैंटरबरी के आर्चबिशप रोवान विलियम्स ने कहा है कि हीज डार्क मैटेरियल्स को स्कूली धार्मिक पाठ्यक्रम का हिस्सा होना चाहिए।










