सीएम ने किया शैक्षणिक ढांचे में सुधार का आह्वान
चंडीगढ़. पंजाब के मुख्यमंत्री प्रकाश सिंह बादल ने राज्य की विभिन्न यूनिवर्सिटीज के उप कुलपतियों व शिक्षाविदों के एक सलाहकार ग्रुप को राज्य के शैक्षणिक ढांचे में सुधार के लिए एक व्यापक योजना बनाने का आह्वान किया है। राज्य की विभिन्न यूनिवर्सिटीज के वाईस चांसलरों व शिक्षाविदों की पहली बैठक की अध्यक्षता करते हुए बादल ने कहा कि यह उनकी इच्छा है कि राज्य का कोई भी नौजवान अनपढ़ व अशिक्षित न रहे।
उन्होंने कहा कि नौजवानों को स्कूल,कालेज व यूनिवर्सिटीज स्तर की शिक्षा उपलब्ध करवाना समय की जरुरत है। याद रहे कि सरकार ने यह सलाहकार ग्रुप राज्य में उच्च, तकनीकी व प्रोफेशनल शिक्षा के स्तर को ऊंचा उठाने के लिए स्थापित किया है जिससे कि तेजी से बदलते युग में नौजवान पीढ़ी अपने आपको कायम रख सके।
इस अवसर पर राच्य की शिक्षा मंत्री उपिंदरजीत कौर ने कहा कि शिक्षा के स्तर में सुधार के लिए स्कूलों व अध्यापकों की रैशनेलाईजेशन की गई है। जहां राच्य में 17000 अध्यापकों की भर्ती की गई है वहीं 31 दिसंबर तक 11000 अध्यापकों और अध्यापकों की भर्ती की जाएगी। इस बैठक में पाकिस्तान पंजाब के पूर्व शिक्षा मंत्री इमरान मसूद ने विशेष रूप से बैठक में भाग लिया।
उन्होंने बैठक में बताया कि ननकाना साहिब में श्री गुरु नानक देव युनिवर्सिटी की स्थापना के लिए शुरुआती काम पूरा कर लिया गया है। इस यूनिवर्सिटी के दिसंबर में होने वाले नींव पत्थर के लिए सीएम बादल को निमंत्रण देते हुए उन्होंने कहा कि इसके लिए उन्हें औपचारिक निमंत्रण प्रधानमंत्री डा. मनमोहन सिंह के साथ भेजा जाएगा। मुख्यमंत्री बादल ने ननकाना साहिब में यूनिवर्सिटी की स्थापना के लिए उन्हें पूरी सहायता का वचन दिया।
इस बैठक में अन्य के अतिरिक्त कैबिनेट मंत्री तीक्शन सूद, पंजाब स्टेट प्लानिंग बोर्ड के वाईस चेयरमैन जेएस बजाज, पंजाब के चीफ सैक्रेटरी एससी अग्रवाल, प्रिंिसपल सचिव उच्च शिक्षा करनवीर सिंह सिद्दू, जीएनडीयू के वाईस चांसलर प्रो. अजायब सिंह बराड़, पीएयू के उपकुलपति डा. मंजीत सिंह कंग, तथा रजीव गांधी नेशनल युनिवर्सिटी आफ ला पटियाला के प्रतिनिधि उपस्थित थे।










