नई दिल्ली. स्टिंग ऑपरेशन के जरिए न केवल आम लोगों बल्कि पुलिसवालों तक से जबरन वसूली करने वाले दो लोगों पुष्प कुमार शर्मा व पंकज कुमार को पुलिस ने गिरफ्तार किया है। पुष्प कुमार को पुलिस करीब एक महीना पहले ही गिरफ्तार कर चुकी थी।
गिरफ्तारी के एक महीना बाद हैरान कर देने वाले तथ्य सामने आए हैं। पंकज व पुष्प एक दूसरे से बिल्कुल अनजान बनकर बीच सड़क पर झूठा झगड़ा करते थे और इस मामले को सुलझाने आए पुलिसवाले को रिश्वत मांगने के आरोप में फंसा लेते थे। पुष्प कुछ महीने पहले तक महिलाओं पर आधारित एक टीवी चैनल में काम करता था।
दरअसल पुष्प पर आरोप था कि उसने अपनी बाइक से वसंत विहार में एक व्यक्ति की कार को टक्क्र मारी और उसके बाद एक हेड कांस्टेबल को रिश्वत लेने के आरोप में फंसाने की धमकी दी थी। कार में सवार व्यक्ति ने ही पूरे मामले की शिकायत पुलिस से की थी। पुष्प ने समझौता करते हुए कार सवार को चार सौ रुपए हर्जाना दिया।
आरोपी ने बहाना बनाया कि उसके पास पांच सौ रुपए का नोट है। कार में सवार युवक ने भी खुल्ले रुपए होने से इनकार किया। इस पर वहां मौजूद पुलिसवाले ने पांच सौ का नोट अपनी जेब में रखा और सौ-सौ के पांच नोट पुष्प को दे दिए। इनमें से चार नोट पुष्प ने कार सवार को दिए और एक खुद रखने के बाद वहां से चला गया। यहां पर चालाकी यह थी कि पुष्प ने रुपएलेते समय छिपे कैमरे से पुलिसकर्मी का वीडियो बना लिया।
वीडियो के आधार पर कुछ दिन बाद पुष्प ने पुलिसकर्मी से १क् हजार रुपए मांगे। उसने पुलिसकर्मी को रुपए न देने की सूरत में रिश्वत मांगने के आरोप में फंसाने की धमकी दी। पुलिसकर्मी ने अपने वरिष्ठ अधिकारियों को इस मामले की जानकारी दी, जिसके बाद पुष्प को गिरफ्तार कर लिया गया।
अब पता चला है कि पुष्प व कार में सवार व्यक्ति कभी दुर्घटना का शिकार हुए ही नहीं थे। कार में सवार व्यक्ति में पंकज कुमार पुष्प का दोस्त है व दोनों अक्सर विभिन्न चौराहों पर इस तरह की दुर्घटनाओं की झूठी कहानी गढ़ते थे। इसी झगड़े के बीच पांच सौ या हजार के नोट का खुदरा लेने के बहाने ये लोग पुलिसवालों को रुपए देते हुए पंकज वीडियो बना लेता था। पुष्प शर्मा के खुलासे के बाद अब दक्षिण दिल्ली पुलिस ने उसके दोस्त पंकज को भी गिरफ्तार कर लिया है।



