बीवी की बीमारी, तस्करों की फरारी
जोधपुर. मादक पदार्थो की तस्करी के गंभीर मामलों में लिप्त विचाराधीन बंदी जेल से रिहाई के लिए नए-नए बहाने इजाद कर रहे हैं। कभी बीवी की बीमारी का बहाना तो कभी मां की मौत का सहारा। यहां तक कि एक बंदी ने तो खुद की शादी के लिए ही कोर्ट से अंतरिम जमानत मांग ली।
ऐसे में अदालतें मानवीय आधार पर बंदियों को कुछ दिनों के लिए पैरोल पर छोड़ा करती हैं। बहरहाल पुलिस की मुश्किलें उस समय बढ़ जाती हैं जब इतनी मशक्कत से पकड़े गए अपराधी पैरोल पर छूटने के बाद तय तारीख को सेंट्रल जेल नहीं पहुंचते व फरार हो जाते हैं।










