रक्षामंत्री ने सैनिकों को दी उचित सीख
कुछ वर्ष पूर्व की घटना है। अमेरिका के तत्कालीन रक्षामंत्री कॉलिन पावेल एक दिन अमेरिकी सेना के एक हवाई जहाज में निरीक्षण हेतु गए। यह हवाई जहाज अपने सैनिकों को लेकर अफगानिस्तान के किसी युद्ध स्थल पर रवाना होने की तैयारी में था। महीनों पूर्व से सभी सैनिकों को युद्ध से संबंधित सारा प्रशिक्षण दिया जा चुका था। सभी सैनिक अपने-अपने हथियारों से लैस और उत्साह से भरपूर थे। सभी के पास एक-एक पैराशूट भी था। पावेल उन्हें कुछ आवश्यक हिदायतें दे रहे थे, जिन्हें ध्यान में रखना अपने मकसद में कामयाब होने के लिए बेहद जरूरी था।
पावेल ने सूक्ष्मता से अपने सैनिकों की विविध तैयारियों का जायजा लिया और अंत में सभी सैनिकों से पूछा- क्रआप लोग वायुयान में अपने मिशन पर जा रहे हैं, क्या आपने अपना-अपना पैराशूट जांच लिया है?ञ्ज सभी जवानों ने एक स्वर में उत्तर दिया - हां।ञ्ज तभी पावेल ने एक जवान से कहा- क्रअपना पैराशूट खोलकर दिखाओ।ञ्ज जवान ने तत्काल बटन दबाया, किंतु पैराशूट नहीं खुला। सभी हैरान रह गए, क्योंकि यह उनके मिशन का सर्वाधिक महत्वपूर्ण उपकरण था और इसके न खुलने पर सैनिक की जान भी जा सकती थी। तब पावेल ने समझाया- क्रदेखा अपनी तैयारी की जांच करना कितना महत्वपूर्ण है। यदि इन्हें कूदना पड़ता तो इनकी क्या स्थिति होती?ञ्ज सभी सैनिकों ने पावेल की सलाह को सदैव याद रखने का वचन दिया।
कथा का सार यह है कि किसी भी कार्य की सफलता के लिए उसकी पूर्व तैयारी और तैयारी की जांच करना अत्यंत आवश्यक है।






