विज्ञापन
 
 
 
 

भगवान अच्छे और बुरे कार्यो का प्रतिफल अवश्य देते हैं

 
Source: पं. विजयशंकर मेहता   |   Last Updated 00:45(28/01/12)
 
 
 
 
विज्ञापन
जीने की राह.. यह सवाल ज्यादातर लोगों के मन में उठता है कि क्या भगवान हमारा भला चाहते हैं? क्योंकि कई बार जब हमारी पसंद का काम नहीं होता तो हमें भगवान की भूमिका पर संदेह होने लगता है। स्वामी अवधेशानंदगिरिजी कहते हैं - मनुष्य नहीं समझ पाता है कि भगवान उसका हर पग पर भला चाहते हैं और भला करते हैं।


यदि मनुष्य अपने समस्त कर्म भगवान को समर्पित कर दे तो उसकी आत्मा कभी गलत काम नहीं होने देगी और उसे यह आभास हो जाएगा कि गलत काम नहीं करना चाहिए। भगवान सत्कर्मी और भक्त को प्रेरणा देते हैं कि यह मत करना, वह करना। अर्थात भगवान हमारा भला चाहते हैं। अनचाहे कार्य करने वाले को भगवान की कृपा इसलिए समझ में नहीं आती क्योंकि उसकी आत्मा में भगवान द्वारा की गई भलाई का भान ही नहीं होता।


सभी प्राणियों से प्रेम करने वाले और सबकी सहायता करने वाले व्यक्ति ही यह समझ पाते हैं कि ईश्वर एक शक्ति है, जो सबमें विद्यमान है। ऐसा व्यक्ति इस धारणा के विपरीत कार्य नहीं कर सकता। वह हर समय डरता रहता है कि भगवान मुझे क्या कहेंगे क्योंकि भगवान मनुष्य के हर कार्यो पर दृष्टि रखते हैं, चाहे हम कितना भी छिपकर कार्य करें।

इसलिए कहा जाता है कि भगवान से डरो। यह सत्य है कि भगवान के यहां देर है, अंधेर नहीं। अर्थात वे अच्छे और बुरे कार्यो का फल अवश्य ही देते हैं। सत्कर्मी को अनायास यह आभास होने लगता है कि ईश्वर मुझे इस कार्य में मदद कर रहे हैं, मुझे उनकी कृपा मिल रही है। इनमें से लोग भी हैं, जो जानने लगते हैं कि सर्वशक्तिमान ईश्वर ही हमारा भला कर रहे हैं।
 
 
 
 
 
 
 
 
 
 
 
आपके विचार

 
 
कोड :
2 + 4

 
 
विज्ञापन
 

बड़ी खबरें

 
 
 
 
 
 
 
 
 

रोचक खबरें

 
 
 
 
 
 
 
 
 

बॉलीवुड

 
 
 
 
 
 
 
 
 

जीवन मंत्र

 
 
 
 
 
 
 
 
 

क्रिकेट

 
 
 
 
 
 
 
 
 

बिज़नेस

 
 
 
 
 
 
 
 
 

जोक्स

 
 
 
 
 
 
 
 
 

पसंदीदा खबरें

 
 
 
 
 
 
 
 
 

फोटोगैलरी

Most Viewed

Amazing Body Paintings
Controversies that rocked B-town
Just Added

करियर कॉलेज में फेयरवेल पार्टी के दौरान स्टूडेंट्स ने बिखेरे रंग
Bollywood Stars at Cannes
 
 
 
विज्ञापन
 
 
| Email  Print Comment
| Email  Print Comment