आखिर क्या है जो... सलमान को सबसे अलग खड़ा करता है?

बॉलीवुड में सलमान का वेग उनका गुस्सा और उनका टैलेंट किसी से छुपा नहीं है। अपने लंबे फिल्मी सफर में उन्होंने तमाम फिल्में की। अगर उन फिल्मों पर गौर करेंगे तो आप पाएंगे कि समय के साथ-साथ सलमान के लुक और टेम्परामेंट में भी काफी चेंज आया। यही वजह है कि सलमान के प्रशंसकों की संख्या काफी बड़ी हो चुकी है।
उनके फैन्स ही हैं जिसके चलते उनकी हर फिल्म हिट हो जाती है। आप 'दबंग' को ही ले लीजिए बहुत सारे फिल्म आलोचकों का मानना था कि फिल्म की कहानी दमदार नहीं थी मगर फिर भी वह फ्लॉप नहीं हुई! पढ़िए... आखिर क्या है वह चीज जिसके चलते सलमान आम जनता में आज भी हिट हैं...
SAL(E)MAN KHAN!
वह आम आदमी के सपनों को बेचते हैं इसीलिए हिट रहते हैं। एक्टर होने के साथ-साथ वह एक चालाक बिजनेसमैन भी हैं। वह मार्केट की नब्ज पकड़ना जानते हैं। वह जानते हैं कि मार्केट में क्या बेचना है और कब बेचना है।
रमजान के दिनों में वह शराब को हाथ नहीं लगाते और इस पाक महीने के अंत में जब ईद आती है उनकी कोई न कोई फिल्म परदे पर दबंगई दिखाने के लिए तैयार होती है। इस बार ईद अगस्त में है और उनकी एक और एक्शन फिल्म 'एक था टाइगर' फैन्स के इंटरटेनमेंट के लिए तैयार है। फिल्म का प्रमोशन भी शुरू होने वाला है। इसके साथ ही वह अपने भाई अरबाज खान की फिल्म 'दबंग 2' में भी काम कर रहे हैं, जो इस दिसंबर रिलीज होने वाली है।
सलमान के आलोचकों का मानना है कि उनकी फिल्में तभी सक्सेज होती हैं जब वह ईद पर रिलीज हों। इसके पीछे सल्लू की हिट फिल्मों की लंबी लिस्ट है जो ईद पर रिलीज हुईं। साल 2009 में 'वान्टेड' ने बॉक्स ऑफिस पर रिकॉर्ड तोड़ कमाई की तो 2010 में 'दबंग' ने सबको पीछे धकेल दिया। उसके बाद 2011 में आई 'बॉडीगार्ड' ने भी फिल्मी परदे पर जमकर जलवा दिखाया और सुपरहिट साबित हुई। इसके अलावा सलमान की जो फिल्में ईद पर रिलीज नहीं हुई उनका हाल निराशाजनक ही रहा। 'लंदन ड्रीम्स', 'मैं और मिसेज खन्ना' और 'वीर' कुछ ऐसी ही फिल्में हैं।
लेकिन ऐसा नहीं है कि सलमान की सक्सेज में ईद फैक्टर ही काम करता है, जून 2011 में सलमान की एक रोमांटिक कॉमेडी फिल्म 'रेडी' रिलीज हुई थी। उस समय बारिश का मौसम था और ईद काफी दूर थी फिर भी वह फिल्म रिलीज होने वाले दिन ही ज्यादा कमाई करने वाली फिल्मों की लिस्ट में दूसरे नंबर पर थी। और वीकेंड पर दबंग के बाद दूसरी सबसे ज्यादा कमाई वाली फिल्म बनी।
नो फॉर्मूला... नो कैंप...
सलमान के खुद के अनुभव ने उन्हें सिखाया कि खुद पर भरोसा करो। उनका मानना है कि बॉलीवुड में फिल्मों को हिट कराने का न तो कोई फॉर्मूला है और ना ही किसी बॉलीवुड कैंप में सक्सेज की गॉरंटी है। यह सच है कि वह काफी मिलनसार हैं और सच्चे और वफादार दोस्त बनाने में यकीन रखते हैं। यही वजह है कि भले ही उनकी और आमिर की काफी लड़ाई चलती हो लेकिन वह अजय देवगन के उतने ही करीब हैं। लेकिन सच यह है कि सलमान अकेले हैं... शाहरुख खान के साथ हुए सार्वजनिक विवाद के बाद तो सलमान ने मानो अकेले जीना सीख लिया।
शायद यही वजह है कि 'युवराज' और 'गॉड तुस्सी ग्रेट हो' जैसी डिजॉस्टर फिल्मों के बाद भी वह टूटे नहीं और 2009 में 'वॉन्टेड' से बड़ी वापसी की। वह सेंटीमेंटल इंसान हैं लेकिन मूर्ख नहीं!






