अंधे कत्ल की गुत्थी सुलझी, अपराधी कैद में
Source: dainik bhaskar news | Last Updated 04:51(09/02/12)
मुंगेली. 15 दिन पूर्व मसनीखार लोरमी में हुई महिला के हत्या को आरोपी को पुलिस ने हिरासत में ले लिया है। मामले का खुलासा करते हुए एसपी एम.एल. कोटवानी ने बताया कि 25 जनवरी को मसनीखार में एक महिला की लाश गांव के बच्चों ने देखी। उन्होंने इसकी जानकारी ग्रामीणों को दी। मृतिका की शिनाती सुनीता ऊर्फ गुड्डी पिता विष्णु प्रसाद ग्राम ंिसंघनपुरी थाना तखतपुर के रूप में की गई।
पुलिस मामले की विवेचना कर रही थी। तब उसे जानकारी मिली कि मृतिका की शादी 10 वर्ष पूर्व अमरनाथ से हुआ था। पति पत्नी में सामंजस्य न होने के कारण वह पति को छो़डकर बिलासपुर के एक हास्टल में आया का काम करती थी।
घटना के तीन दिन पहले सुनीता अपने मामा के घर मोहतरा थाना जरहागांव आई थी। वह 25 जनवरी को बिलासपुर जाने के लिए निकली तथा तखतपुर में उतर गई और आरोपी लक्ष्मीनारायण के साथ बाइक में बैठकर सेमरसल चली गई।
वहां दोनो ने खाना खाया। इस दौरान लक्ष्मीनारायण ने अपने ड्राइवर सोनू से फोन कर एक 407 गाड़ी मंगाया। जिसमें तीनो सेमरसल से लोरमी रोड़ में मसनीखार में वाहन रोककर सुनीता से अनाचार का प्रयास किया। सुनीता के विरोध करने पर लक्ष्मीनारायण ने गला दबाकर उसकी हत्या कर दी।
उसके सिर पर जेक राड व पट्टा से वार कर मृतिका के जेवर को उतार कर रख लिया। मृतिका का मोबाइल रख दिया। उसके बाद युवक ने उससे अनाचार किया। पुलिस ने जांच करने के दौरान पाया कि मृतिका सुनीता ने तखतपुर पहुंचने से पहले आरोपी लक्ष्मी नारायण से मोबाइल से चर्चा की थी।
पुलिस मामले की तहकीकात कर रही थी। इस दौरान पता चला कि लक्ष्मी नारायण का पिता प्रधानआरक्षक है और वह मुंगेली कंट्रोलरूम में पदस्थ है। लक्ष्मी की अच्छे लोगों से संगति नहीं है। इस आधार पर पुलिस ने लक्ष्मीनारायण से पूछताछ की जिस पर उसने सुनीता का कत्ल करना स्वीकार किया तथा मोबाइल और जेवर पुलिस ने बरामद कर लिया।