बिलासपुर. विलक्षण प्रतिभा और अनूठे प्रोजेक्ट के कारण शहर के चार होनहारों ने इंटरनेशनल कांफ्रेंस में अपनी मजबूत दावेदारी पेश की है। दो महीने की कड़ी प्रतिस्पर्धा और पड़ावों को पार करते हुए इन युवाओं ने अपनी खास जगह बना ली है। ये पर्यावरण के क्षेत्र में ग्लोबली काम करने वाली विश्व की विख्यात संस्था सेंटर फॉर एनवायरमेंट एजुकेशन द्वारा होने वाली कांफ्रेंस में हिस्सा लेंगे।
सात साल बाद भारत में ६ से 8 फरवरी को ‘एशिया पेसेफिक टुन्जा कांफ्रेंस’ अहमदाबाद में होगी। इसमें विश्व के 200 विद्यार्थियों में बिलासपुर के चार छात्र प्रवीण गुप्ता, पुष्प गुप्ता, सागर विधानी और विशाल रेड्डी शामिल हैं। तीन दिवसीय इस कांफ्रेंस में प्रदर्शनी, कोलाज, पेपर प्रेजेंटेशन, यूथ एंड चाइल्ड मीट सहित कई कार्यक्रमों में शिरकत करेंगे। संयुक्त राष्ट्र संघ के पर्यावरण कार्यक्रम तथा भारत सरकार के संयुक्त तत्वावधान में पर्यावरण शिक्षण केंद्र (सीईई) द्वारा इंटरनेशनल कांफ्रेंस आयोजित की गई है, जिसका उद्देश्य जून में होने वाली कांफ्रेंस रियो 20 (ब्राजील) के लिए बच्चों व युवाओं को तैयार करना है।
विश्व के विभिन्न स्कूलों से 200 छात्र-छात्राएं इसमें प्रतिभागिता कर पर्यावरण सरंक्षण संबंधी विविध प्रोजेक्ट, मॉडल, पेपर प्रेजेंटेशन प्रस्तुत करेंगे। कांफ्रेंस के लिए चयनित चार छात्रों में डीपीएस पब्लिक स्कूल के प्रवीण गुप्ता, पुष्प गुप्ता, भारत माता इंग्लिश मीडियम के सागर विधानी सहित विशाल रेड्डी हैं। कांफ्रेंस में श्रेष्ठ प्रदर्शन के आधार पर उन्हें अक्टूबर में हैदराबाद तथा कतर में होने वाली कांफ्रेंस में भारत का प्रतिनिधित्व करने का अवसर मिलेगा।
वान की मून करेंगे उद्घाटन
6 फरवरी से अहमदाबाद में होने वाली इंटरनेशनल कांफ्रेंस का उद्घाटन संयुक्त राष्ट्रसंघ के महासचिव वान की मून करेंगे। समापन समारोह के मुख्य अतिथि पूर्व राष्ट्रपति डॉ. एपीजे अब्दुल कलाम होंगे। इस दौरान अंतरराष्ट्रीय वैज्ञानिकों व प्रसिद्ध हस्तियों से मुलाकात व सीखने का मौका इन्हें मिलेगा।
दो महीने की कड़ी प्रतिस्पर्धा
विद्यार्थियों ने खास बातचीत करते हुए बताया कि इस कांफ्रेंस के महत्व को देखते हुए पिछले 2 महीनों से वे तैयारी कर रहे थे। चयन प्रक्रिया के लिए आवश्यकताओं को बारीकी से परखते हुए एक के बाद एक उन्होंने तैयारी की। प्रश्नोत्तरी, लिखित परीक्षा के चरणों को पास कर वे इंटरव्यू तक पहुंचे। विशेषज्ञों की पारखी नजरों व सवालों के पड़ाव को पार कर उन्होंने जीत दर्ज की। इंटरव्यू में देश से 50 छात्र-छात्राओं को चुना गया था।