दिल्ली में 16-17 दिसंबर की रात चलती बस में एक छात्रा के साथ छह लोगों ने बलात्कार किया। घटना के वक़्त बस में उसका एक दोस्त भी मौजूद था। बलात्कार के बाद दोनों को ही चलती बस से फेंक दिया गया। वारदात में लड़की को काफी गंभीर चोटें आईं। तब से लड़की का इलाज दिल्ली के सफदरजंग अस्पताल में चल रहा था। पिछले दो दिनों से उसकी हालत में लगातार गिरावट हो रही थी। डॉक्टरों से सलाह के बाद सरकार ने लड़की को इलाज के लिए सिंगापुर के माउन्ट एलिजाबेथ अस्पताल भेजने का फैलसा किया। बुधवार की रात 11:30 बजे एक एयर एम्बुलेंस से लड़की को उसके मां-बाप सहित सिंगापुर के इस अस्पताल के लिए रवाना किया गया।
क्यों भेजा गया सिंगापुर के माउन्ट एलिजाबेथ अस्पताल:
गौरतलब है कि, सिंगापुर के इसी अस्पताल में अभिनेता रजनीकांत और नेता अमर सिंह का भी इलाज किया जा चुका है। इन दोनों का ऑर्गन ट्रांसप्लांट किया गया था। ऐसा माना जा रहा है कि सिंगापुर में ऑर्गन ट्रांसप्लांट के मामले में कानून काफी नरम हैं जबकि, भारत में इस सम्बन्ध में प्रक्रिया काफी जटिल है। माना जा रहा है की पीड़िता का भी ऑर्गन ट्रांसप्लांट किया जाना है और यही वजह है कि उसे भी सिंगापुर के इस हॉस्पिटल में शिफ्ट किया गया है।
सिंगापुर में बना 373 बिस्तर वाला माउंट एलिजाबेथ अस्पताल एक निजी संस्था पार्कवे हेल्थ द्वारा संचालित है. यह 1976 में शुरू किया गया लेकिन, आधिकारिक तौर पर इस अस्पताल ने आठ दिसंबर 1979 से काम करना शुरू किया। यह हॉस्पिटल कार्डियोलॉजी, ऑन्कोलॉजी, न्यूरोसाइंस में विशेषज्ञता के लिए जाना जाता है। 1995 के बाद से, यह हॉस्पिटल पार्कवे होल्डिंग्स लिमिटेड के स्वामित्व में है।
अन्य विशेषताएं
इस अस्पताल में कुल 15 वार्ड हैं।
यहां 20 बिस्तर वाला क्रिटिकल केयर यूनिट है।
इस हॉस्पिटल में 15 बिस्तर वाला हाई डिपेंड़ेंसी केयर यूनिट है।
यहां मेजर ऑपरेटिंग थियेटर युक्त 12 ऑपरेशन रूम हैं जो IVF उपचार के लिए बनाए गए हैं।