नई दिल्ली। दिल्ली हाईकोर्ट ने हरियाणा के पूर्व मंञी और एयरहोस्टेस गीतिका शर्मा खुदकुशी मामले में मुख्य आरोपी गोपाल कांडा की जमानत अर्जी पर सुनवाई करने से इंकार कर दिया है। हाईकोर्ट के न्यायाधीश पीके भसीन ने बिना किसी कारण का हवाला देते हुए याचिका सुनवाई करने से मना कर दिया और इसे सुनवाई के लिए किसी अन्य पीठ के समक्ष मंगलवार के लिए सूचीबद्ध कर दिया।
कांडा की तरफ से गुरुवार को ही हाईकोर्ट के समक्ष्ा जमानत याचिका दायर की गई थी। इस मामले में पुलिस के आरोप पत्र दाखिल करने के करीब एक महीने बाद हरियाणा के पूर्व मंत्री गोपाल कांडा ने आज जमानत के लिए दिल्ली उच्च न्यायालय में याचिका दायर की। इससे पहले निचली अदालत ने उनकी जमानत याचिका खारिज कर दी थी।
इससे पहले, 20 सितंबर को निचली अदालत ने कांडा को जमानत देने से इंकार कर दिया था। कांडा बीते 18 अगस्त से जेल में बंद हैं। अदालत ने कहा था कि पीडि़ता के इस साल मार्च में गर्भवती होने की पुलिस रिपोर्ट को देखते हुए और ज्यादा जांच की जरूरत है। अदालत ने कहा था, ‘पुलिस फाइल में एक निजी स्त्री रोग विशेषज्ञ की रिपोर्ट है जिसमें कहा गया है कि आरोपी कांडा और पीडि़ता नौ मार्च, 2012 उनके क्लीनिक पर आए थे। पीडि़त महिला गर्भवती थी। यह चार मई के उसके पहले सुसाइड नोट का एक कारण हो सकता है।’